मनकामेश्वर मंदिर में सिखाया गया इको फ्रैंडली गणेश लक्ष्मी बनाना 

लखनऊः देश के समस्त हिस्सों में पर्यावरण के गिरते स्तर को देखते हुए डालीगंज स्थित मनकामेश्वर मठ-मंदिर परिवार एवं  गैर सरकारी संस्था “पृथ्वी इनोवेशन” के साथ मिट्टी व फलों के बीज से गणेश लक्ष्मी की मूर्ति निर्मित करने के एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन सोमवार को धनतेरस के पर्व पर प्रातः 9:30 पर मनकामेश्वर मठ-मंदिर में हुआ। इस कार्यक्रम का शुभारंभ महंत देव्यागिरि ने दीप प्रज्वलित करके किया।

पृथ्वी इनोवेशन की संस्थापक एवं सचिव अनुराधा गुप्ता ने बताया कि “प्रदूषण कैसे हमारे पर्यावरण को नष्ट कर रहा है। ये विश्वव्यापी समस्या है। ये हमारी आठवीं वर्कशॉप है। इस वर्कशॉप के अंतर्गत हम समस्त आयुवर्ग के लोगो को प्राकृतिक तत्वों से गणेश व समस्त आराध्यों की मूर्ति बनाना सिखाते हैं।”

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कार्यशाला में पीड़ीलाइट कंपनी की हॉबी टीचर एवं कुशल मूर्तिकार सुनीता शंकर ने बच्चों को इको फ़्रेंडली मूर्ति बनाने के गुर सिखाये। इस अवसर पर प्रख्यात शिल्पकार सुनील कुमार प्रजापति एवं विख्यात पैथोलॉजिस्ट डॉक्टर रश्मि चतुर्वेदी ने क्ले एवं फलो के बीज द्वारा मूर्ति बना कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।

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कार्यशाला में सिटी मांटेसरी चौक लखनऊ के बच्चो ने अपनी मूर्तिकला का परिचय दिया। इस अवसर  महन्त देव्यागिरि ने पर्यावरण एवं प्रदूषण के विभिन्न आयामों पर बच्चों से बात की। कार्यशाला  के अंतिम भाग में  संत अंजनी स्कूल राजाजीपुरम के सौजन्य से मंदिर में आए हुए लोगो कपड़े से बने थैले वितरीत करे गए। सोमवार व धनतेरस होने के कारण सुबह से ही मंदिर परिसर में महादेव दर्शन करने के लिए भक्तजनों की जबर्दस्त भीड़ उमड़ी।