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Muzaffarnagar: तिरंगा यात्रा में गोडसे की फोटो, हिंदू महासभा ने निकली थी यात्रा

Muzaffarnagar: 76 वें स्वतंत्रता दिवस को पूरे देश में बड़े ही उत्साह के साथ मनाया गया। इस दौरान उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में तो अखिल भारत हिंदू महासभा ने नाथूराम गोडसे की तस्वीर लगा कर नगर में तिरंगा यात्रा निकाली।

Amit Kaliyan
Updated on: 16 Aug 2022 10:24 AM GMT
Independence Day Muzaffarnagar
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नाथूराम गोडसे की फोटों लगी गाड़ी के साथ महासभा के लोग (फोटों न्यूज नेटवर्क)
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Independence Day Muzaffarnagar: 76 वें स्वतंत्रता दिवस को पूरे देश में बड़े ही उत्साह के साथ मनाया गया। इस दौरान उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में तो अखिल भारत हिंदू महासभा ने नाथूराम गोडसे की तस्वीर लगा कर नगर में तिरंगा यात्रा निकाली। जिसकी वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है, जो की नगर में इस समय चर्चा का विषय बनी हुई है। दरअसल जनपद में आज 15 अगस्त को लेकर बहुत से कार्यक्रमों का आयोजन किया गया था। जिसके चलते अखिल भारत हिंदू महासभा ने भी स्वतंत्रता दिवस मनाते हुए आज नगर में तिरंगा यात्रा निकाली यह तिरंगा यात्रा चर्चा का विषय उस समय बन गई जब इस यात्रा में अखिल भारत हिंदू महासभा के द्वारा नाथूराम गोडसे की तस्वीर लगाई गई थी।



आपको बता दें कि अखिल भारत हिंदू महासभा की इस तिरंगा यात्रा में गोडसे की लगी फोटो की कुछ वीडियो भी सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही है। इस बाबत जब हमने अखिल भारत हिंदू महासभा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी अध्यक्ष योगेंद्र वर्मा से बात की तो उनका कहना था की अखिल भारत हिंदू महासभा के द्वारा 15 अगस्त के पावन पर्व पर तिरंगा यात्रा का आयोजन किया गया था जो शहर के विभिन्न मार्गो से होती हुई वापस कार्यालय पर आकर संपन्न हुई। जिसमें अखिल भारत हिंदू महासभा के कार्यकर्ताओं सहित हिंदू नेताओं ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया।



तिरंगा यात्रा में फोटो क्रांतिकारियों की लगी थी उसमें गोडसे से भी शामिल है। गोडसे भी एक क्रांतिकारी रहे हैं रही बात गांधी वध की तो गांधी की नीतियों के कारण ही गोडसे को गांधी का वध करना पड़ा था। गोडसे ने अपना मुकदमा स्वयं लड़ा लेकिन जो कोर्ट में हुआ वह आज तक सरकार ने सार्वजनिक नहीं किया क्योंकि सरकार नहीं चाहती थी उस वक्त की,कि ये पता लगे की गांधी का वध क्यों हुआ है, गांधी की कुछ नीतियां ऐसी ही थी आजादी के बाद जो बंटवारा हुआ था उसमें 30 लाख हिंदू और मुसलमानों का कत्ल हुआ था। जिसके जिम्मेदार केवल गाँधी थे उसके बाद वह एक ऐसा रोड बनाना चाहते थे जो पाकिस्तान से लेकर बांग्लादेश तक जाये। जिसका पूरा देश विरोध कर रहा था क्योंकि यदि वह रोड बन जाता तो भारत दो भागों में बट जाता और उस पर पूर्ण अधिकार पाकिस्तान का होता है।


भारत को दूसरी तरफ जाना पड़ता तो पाकिस्तान की अनुमति लेनी पड़ती जो गोडसे ने गांधी वध किया वह उनके अनुसार किया और उन्हें उसकी सजा भी मिली उन्हें फांसी की सजा मिली, कुछ लोग गांधी को मानते हैं कुछ गोडसे को मानते हैं और जो हिंदू महासभा है वह गोडसे को अपना मसीहा मानते हैं गोडसे को देशभक्त मानते हैं हमने सब की तस्वीर लगा रखी थी क्रांतिकारियों में चंद्रशेखर आजाद ,भगत सिंह ,योगी दिग्विजय नाथ की भी लगी हुई थी रानी लक्ष्मीबाई की लगी हुई थी सुभाष चंद्र बोस की लगी हुई थी उसमें सभी क्रांतिकारियों की थी क्योंकि गोडसे आपको बता दें कि वह बहुत बड़ा लेखक था बहुत बड़ा पत्रकार था उसने किसी इर्शापूर्ण या किसी लालच से गांधी वध नहीं किया था उसने देश को बचाने के लिए गांधी वध किया था।

Prashant Dixit

Prashant Dixit

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