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Prayagraj News: सात साल बीते नामांतरण नहीं, कोर्ट ने सरकारी वकील से मांगी रिपोर्ट

Prayagraj News: तहसीलदार ने सात साल पहले ही 15 नवंबर 14 को नामांतरण का निर्देश जारी किया था। जिसका पालन नहीं किया जा रहा है। याचिका की सुनवाई 2 नवंबर को होगी।

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NetworkNewstrack NetworkShwetaPublished By Shweta

Published on 13 Oct 2021 4:05 PM GMT

Allahabad High Court
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 इलाहाबाद हाईकोर्ट (फोटोः सोशल मीडिया)

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Prayagraj News: इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) ने तहसीलदार सदर प्रयागराज के यहां 7 साल का समय बीत जाने के बावजूद नामांतरण न करने के मामले में राज्य सरकार के अधिवक्ता से जानकारी मांगी है। तहसीलदार ने सात साल पहले ही 15 नवंबर 14 को नामांतरण का निर्देश जारी किया था। जिसका पालन नहीं किया जा रहा है। याचिका की सुनवाई 2 नवंबर को होगी।

यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा (Justice Siddharth Verma) ने सबीह उर्रहमान खान (Sabih Ur Rahman Khan) की याचिका पर दिया है। याची ने 158 मिन्हाजपुर में प्लाट खरीदा । नामांतरण अर्जी दाखिल किया गया। कोई आपत्ति नहीं आयी। इसके बावजूद नामांतरण नहीं किया गया तो तहसीलदार ने आदेश दिया। फिर भी कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

अवैध कब्जा व धमकाने के मामले में हस्तक्षेप से इंकार

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने ए सी जे एम कोर्ट प्रयागराज की अदालत में चल रहे अनिल कुमार द्विवेदी के खिलाफ आपराधिक मुकदमे की कार्यवाही रद्द करने से इंकार कर दिया है । यह नहीं, वैधता की चुनौती याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा है कि धारा 482की अंतर्निहित शक्तियों का इस्तेमाल सावधानी पूर्वक किया जाना चाहिए। याची के खिलाफ प्रथमदृष्टया आपराधिक केस बनता है। इसलिए हस्तक्षेप करने का कोई आधार नहीं है। यह आदेश न्यायमूर्ति शमीम अहमद ने जार्जटाउन निवासी अनिल कुमार द्विवेदी की याचिका पर दिया है। मालूम हो कि जार्जटाउन सी वाई चिंतामणि मार्ग पर विपक्षी की जमीन के कुछ हिस्से पर अवैध कब्जे को लेकर विवाद है। धमकाने, अवैध निर्माण कराने के आरोप में एफ आई आर दर्ज कराई गई है। पुलिस चार्जशीट पर कोर्ट के संज्ञान लेने की वैधता को चुनौती दी गई थी।याची का कहना है कि वह अपनी जमीन पर नक्शा पास कराने के बाद निर्माण करा रहा है। झूठा मुकदमा दर्ज कराया गया है।

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