संतों की हत्या का मामला: संत के राज में संत नहीं सुरक्षित, अयोध्या के साधुओं में आक्रोश

धर्म नगरी अयोध्या के सभी साधु संत बुलंदशहर में संतों की हत्या के बाद काफी दुखी हैं। निराश हैं। उनका कहना है कि प्रदेश का मुख्यमंत्री संत है और संतों के राज में संत की हत्या बेहद ही निंदनीय और कष्टप्रद है।

Published by SK Gautam Published: April 28, 2020 | 5:38 pm
Modified: April 28, 2020 | 5:41 pm

अयोध्या: कोरोना के खिलाफ जंग के बीच महाराष्ट्र के पालघर में संतों की हत्या के बाद अब बुलंदशहर में दो साधुओं की हत्या से अयोध्या का संत समाज ने काफी आक्रोशित है। संत समाज का कहना है कि वर्ग विशेष के लोग भगवाधारियों को टारगेट कर उनकी हत्या कर रहे हैं। ये बेहद निंदनीय है। संतों ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार दोषियों को चिन्हित कर उनके ऊपर कठोर कार्रवाई करे और इसी के साथ दोषियों की फांसी की सजा की मांग की ।

अयोध्या के सभी साधु संत काफी दुखी

धर्म नगरी अयोध्या के सभी साधु संत बुलंदशहर में संतों की हत्या के बाद काफी दुखी हैं। निराश हैं। उनका कहना है कि प्रदेश का मुख्यमंत्री संत है और संतों के राज में संत की हत्या बेहद ही निंदनीय और कष्टप्रद है। वह कहते हैं कि किसी भी सभ्य समाज की आधारशिला शिक्षा और धार्मिक सद्भावना से होती है लेकिन अगर मौजूदा हालात देखा जाए तो देश में तो संतों की हत्या ने देश के सभी प्रबुद्ध वर्ग और समाज के पेशानी पर बल जरूर ले आया है।

भारत जैसे देश में संतों की हत्या हो रही है

राम जन्मभूमि प्रधान पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ने कहा कि संतों की हत्या दुखद और कष्टकारी है। संत की हत्या केवल संत समाज के लिए नहीं बल्कि पूरे देश के लिए शर्मनाक है। संत दया भावना से प्रेरित होते हैं और देशहित और देश कल्याण के लिए ही काम करते हैं। भारत जैसे देश में संतों की हत्या हो रही है धर्म विरोधी, देश विरोधी ही संतों की हत्या कर रहे हैं। सरकार से यह मांग है कि अपराधियों को खोज करके कठोर कार्रवाई की जाए दंड दिया जाए।

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हम प्रदर्शन कर कार्रवाई की मांग करेंगे

हनुमानगढ़ी के पुजारी राजू दास महाराष्ट्र के पालघर में हुए संतों की हत्या उसके बाद औद्योगिक नगरी बुलंदशहर में संतों की हत्या की घनघोर निंदा करते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की है कि घटना में लोगों की जांच का चिन्हित किया जाए और उनके ऊपर कठोर कार्रवाई की जाए महंत राजू दास यहीं नहीं रुके। उन्होंने कहा कि विशेष समुदाय के लोग भगवा भेष धारी संतो के ऊपर कुचक्र रच रहे हैं। संतों की हत्या कर रहे हैं। लॉक डाउन खत्म होने के बाद संत समाज पालघर और बुलंदशहर में संतों के हत्या के मामले में स्वयं जांच करेगा। हम प्रदर्शन कर कार्रवाई की मांग करेंगे और अगर कार्रवाई नहीं होती है तो संत समाज इसका जवाब देगा।

देश की जनता प्रधानमंत्री के साथ खड़ी है

उन्होंने कहा कि देश में विशेष समुदाय के लोग कुचक्र रच कर देश का वातावरण खराब करने के लिए माहौल बना रहे हैं। राजू दास ने विपक्ष पर भी आरोप लगाते हुए कहा कि लॉक डाउन का सफलता से पालन किया जा रहा है। देश की जनता प्रधानमंत्री के साथ खड़ी है। ऐसे में विपक्ष और समुदाय विशेष को यह हजम नहीं हो रहा है, जिसकी वजह से या कुचक्र रचा जा रहा है।

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उन्होंने कहा कि साधु संतों को इसलिए टारगेट किया जा रहा है कि देश में दूसरा माहौल बने। उत्तर प्रदेश और केंद्र की सरकार से यह मांग है कि इस मामले की जांच निष्पक्ष और अच्छे तरीके से हो। इसमें जो लोग शामिल हैं, उनको फांसी की सजा हो, यह मांग है।

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