Auraiya News: 'मेरा रेशम मेरा अभिमान' अभियान के तहत रेशम कृषकों को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण
Auraiya News: औरैया में 'मेरा रेशम मेरा अभिमान' अभियान के तहत रेशम कृषकों को आधुनिक तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया। वैज्ञानिकों ने बेहतर उत्पादन के तरीके बताए।
Auraiya News(Photo-Social Media)
Auraiya News: औरैया जिले के शहाब्दा स्थित राजकीय रेशम फार्म में शुक्रवार को रेशम कृषकों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण केंद्रीय रेशम बोर्ड के महत्वाकांक्षी अभियान 'मेरा रेशम मेरा अभिमान' के तहत आयोजित किया गया। अभियान का उद्देश्य देशभर में रेशम उत्पादन को बढ़ावा देना, किसानों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ना और उनकी आय में वृद्धि करना है। उत्तर प्रदेश के 12 जिलों में इस अभियान के अंतर्गत ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में केंद्रीय रेशम बोर्ड के वैज्ञानिक श्री छत्रपाल ने रेशम कीट पालन की वैज्ञानिक एवं आधुनिक तकनीकों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बेहतर गुणवत्ता का रेशम उत्पादन करने के लिए शहतूत के पौधों का सही चयन, वैज्ञानिक तरीके से रोपण और नियमित देखभाल बेहद आवश्यक है। इसके साथ ही उन्होंने पौधों के विकास, पोषण प्रबंधन और रोगों से बचाव के उपायों पर भी विस्तार से चर्चा की।
कार्यक्रम के दौरान किसानों को रेशम कीट पालन की विभिन्न तकनीकी प्रक्रियाओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया। इसमें विशुद्धीकरण की प्रक्रिया, कीटों को ट्रे में उचित स्थान पर रखना, कीटों में मोल्ट की पहचान करना, मोल्ट के दौरान चूने का छिड़काव, पके हुए रेशम कीटों की पहचान तथा उन्हें सुरक्षित तरीके से मोंटेज में रखने की विधि के बारे में विस्तार से समझाया गया। विशेषज्ञों ने बताया कि इन तकनीकों को अपनाकर किसान रेशम उत्पादन की गुणवत्ता और मात्रा दोनों में उल्लेखनीय सुधार कर सकते हैं।
इस अवसर पर केंद्रीय रेशम बोर्ड एवं राज्य रेशम विभाग की सहायक रेशम विकास अधिकारी श्रीमती पूजा शर्मा तथा प्रदर्शक श्री प्रेम नारायण भी मौजूद रहे। उन्होंने किसानों को राज्य सरकार द्वारा संचालित रेशम विकास से जुड़ी विभिन्न योजनाओं, अनुदान सुविधाओं और विभागीय सहायता के बारे में जानकारी दी। अधिकारियों ने किसानों से अपील की कि वे आधुनिक तकनीकों को अपनाकर रेशम उत्पादन को लाभकारी व्यवसाय के रूप में विकसित करें और सरकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।