Gonda News: राधाकुंड व बारादरी की अब बदलेगी रंगत, 50 लाख से कायाकल्प की तैयारी
Gonda News: गोंडा के राधाकुंड के सौंदर्यीकरण के लिए 50 लाख रुपये मंजूर हुए हैं, जबकि वजीरगंज की ऐतिहासिक बारादरी के संरक्षण और विकास की तैयारियां भी तेज हो गई हैं।
राधाकुंड व बारादरी की अब बदलेगी रंगत, 50 लाख से कायाकल्प की तैयारी (Photo- Social Media)
Gonda News: गोंडा जिले की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने की दिशा में प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया है। शहर स्थित राधाकुंड के सौंदर्यीकरण के लिए शासन ने 50 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत की है, जबकि वजीरगंज की ऐतिहासिक बारादरी के संरक्षण एवं विकास के लिए कार्ययोजना तैयार कर ली गई है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से जिले की धरोहरों को नई पहचान मिलने के साथ पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
बारादरी के संरक्षण की तैयारियां तेज
जिला मुख्यालय से लगभग 26 किलोमीटर दूर वजीरगंज के पास स्थित ऐतिहासिक बारादरी का निर्माण वर्ष 1775 से 1795 के बीच अवध के नवाब आसफ-उद-दौला ने कराया था। उस समय यह परिसर जमशेदबाग के नाम से जाना जाता था। करीब 100 एकड़ में फैले इस परिसर के चारों ओर 20 फीट ऊंची और चार फीट चौड़ी सुरक्षा दीवार बनाई गई थी। दीवारों पर बने मोर्चों से सैनिक निगरानी करते थे। परिसर में न्यायालय समेत कई भवन थे और नवाब यहां विश्राम के साथ कुछ समय तक शासन भी संचालित करते थे। बारादरी की आकर्षक वास्तुकला और कोड़र झील तक उतरती सीढ़ियां आज भी इसकी ऐतिहासिक भव्यता की गवाही देती हैं।
राधाकुंड के सौंदर्यीकरण को मिली मंजूरी
राधाकुंड के विकास के लिए 50 लाख रुपये की स्वीकृति मिलने के बाद जल्द ही सौंदर्यीकरण कार्य शुरू होने की उम्मीद है। वहीं सागर तालाब के संरक्षण की मांग भी नागरिकों ने प्रशासन से की है। जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने बताया कि राधाकुंड और बारादरी के कायाकल्प के लिए शासन से बजट स्वीकृत हो चुका है और जल्द ही दोनों ऐतिहासिक धरोहरों की सूरत बदलती नजर आएगी।