Hapur News : ATS का ऑपरेशन हापुड़: मस्जिद के पास छिपा रोहिंग्या युवक गिरफ्तार, फर्जी दस्तावेज बरामद
Hapur News : हापुड़ में मस्जिद के पास फर्जी पहचान पर रह रहे रोहिंग्या युवक को ATS ने किया गिरफ्तार, दस्तावेज़ और नेटवर्क की जांच जारी
Rohingya Man Arrested in Hapur
Hapur News: उत्तर प्रदेश एटीएस (ATS) ने हापुड़ जिले में एक बड़ी कार्रवाई कर अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क से जुड़े रोहिंग्या युवक को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान सय्यद हुसैन पुत्र अली, निवासी ग्राम रग्मुगुना, थाना रोग्याडम, जिला माउंगड (म्यांमार) के रूप में हुई है। वह लंबे समय से भारत में अवैध रूप से घुसपैठ कर फर्जी पहचान के सहारे रह रहा था और धौलाना थाना क्षेत्र के ग्राम खिचरा, बिलाल मस्जिद के पास ठिकाना बनाए हुए था।
फर्जी पहचान बनाकर छिपा था खतरनाक खेल
सूत्रों के अनुसार, आरोपी ने न सिर्फ आधार कार्ड और वोटर आईडी जैसे पहचान पत्र फर्जी तरीके से बनवाए, बल्कि स्थानीय स्तर पर खुद को भारतीय बताकर समाज में घुलमिल गया। एटीएस को खुफिया एजेंसियों से सूचना मिली थी कि यहां एक विदेशी नागरिक संदिग्ध गतिविधियों में शामिल है। इसके बाद एटीएस और धौलाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई कर उसे दबोच लिया।
हाथ लगे कई चौंकाने वाले दस्तावेज़
गिरफ्तारी के बाद पुलिस को उसके पास से संदिग्ध दस्तावेज़, फर्जी आईडी और कुछ ऐसे कागजात मिले हैं जिनका इस्तेमाल बड़े पैमाने पर फर्जी नेटवर्क को खड़ा करने के लिए किया जा सकता था। अब एजेंसियां इस बात की जांच में जुटी हैं कि यह नेटवर्क सिर्फ दस्तावेज़ बनाने तक सीमित है या इसके पीछे विदेशी फंडिंग और आतंकी संगठनों का हाथ भी है।
सीओ पिलखुवा अनीता चौहान का बयान
मामले पर सीओ पिलखुवा अनीता चौहान ने कहा,“एटीएस और धौलाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में रोहिंग्या मूल का युवक गिरफ्तार हुआ है। वह फर्जी दस्तावेज़ों के आधार पर रह रहा था। पूछताछ जारी है और उसके नेटवर्क की गहन जांच हो रही है। दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
आतंकी कनेक्शन की आशंका
खुफिया सूत्रों का मानना है कि कई रोहिंग्या युवक भारत में घुसपैठ कर अवैध रूप से रह रहे हैं और उनका इस्तेमाल आतंकी संगठन अपने मंसूबे पूरे करने के लिए करते हैं। इस गिरफ्तारी के बाद माना जा रहा है कि उत्तर प्रदेश, दिल्ली और एनसीआर में रोहिंग्या नेटवर्क पर बड़ा खुलासा हो सकता है।
ग्रामीणों में दहशत
गांव में जब यह खबर फैली कि उनके बीच म्यांमार का शख्स छिपकर रह रहा था तो लोगों में दहशत फैल गई। ग्रामीणों का कहना है कि यह बहुत खतरनाक है, हो सकता है आसपास और भी ऐसे लोग रह रहे हों जिनकी पहचान अभी उजागर न हुई हो।
राष्ट्रीय सुरक्षा पर बड़ा खतरा!
पुलिस और एटीएस अब आरोपी से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि वह किन लोगों के संपर्क में था, किसके कहने पर यहां रह रहा था और इसका मकसद क्या था।एजेंसियां मान रही हैं कि इसके जरिए भारत में सक्रिय बड़े रोहिंग्या नेटवर्क, विदेशी फंडिंग और आतंकी साजिशों का पर्दाफाश हो सकता है।