मोदी सरकार के लिए बड़ी मुसीबत! एक के बाद एक लगे 8 झटके

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने भी भारतीय अर्थव्‍यवस्‍था की हालत पर चेतावनी जारी की है। आईएमएफ का कहना है कि भारत जैसे देश में आर्थिक सुस्ती अब ज्यादा नजर आने लगी है। यही नहीं, अब तो चीन की अर्थव्यवस्था भी सुस्त हो रही है।

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नई दिल्ली: मोदी सरकार को अर्थव्‍यवस्‍था के लिहाज से अक्‍टूबर के महीने में लगातार 8 झटके लगे हैं। ये झटके बेहद तगड़े हैं। ऐसे में अब अर्थव्‍यवस्‍था की बदहाली के चलते मोदी सरकार की मुसीबत बढ़ गई है। यही नहीं, अब इन झटकों से जल्द से जल्द उभरना भी मोदी सरकार के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है। जानिए अर्थव्‍यवस्‍था से जुड़े 8 झटके:

खराब स्थिति में औद्योगिक उत्पादन

बीते 7 सालों में ऐसा पहली बार हुआ है, जब औद्योगिक उत्पादन की स्थिति काफी खराब हो। इस वक़्त भारतीय अर्थव्यवस्था बुरे दौर से गुजर रही है। औद्योगिक उत्पादन के ताजा आंकड़े चीख-चीखकर इसको बयां कर रहे हैं। औद्योगिक उत्पादन अगस्‍त महीने में 1.1 प्रतिशत घटा था। ये आंकड़े पिछले 7 साल सबसे खराब आंकड़े हैं।

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वहीं, ये पहला मौका है जब पिछले दो सालों में औद्योगिक उत्पादन नकारात्मक दायरे में आया हो। औद्योगिक उत्पादन के आंकड़े कहते हैं कि मैन्युफैक्चरिंग, बिजली और खनन क्षेत्रों में खराब प्रदर्शन की वजह से नकारात्मक आंकड़े आए हैं।

अभी भी सुस्त है ऑटो इंडस्‍ट्री

ऑटो इंडस्‍ट्री की मंदी को खत्म करने के लिए मोदी सरकार तमाम कोशिशें कर रही है, लेकिन ऑटो इंडस्‍ट्री अभी भी सुस्त है। इस मामले में वाहन निर्माताओं के संगठन सियाम का कहना है कि एक बार फिर कारों की बिक्री सितंबर महीने में लुढ़क गई, जिसके चलते पैसेंजर व्‍हीकल्‍स की बिक्री में 23.69 फीसदी गिरावट दर्ज की गई।

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इसके अलावा कॉमर्शियल व्‍हीकल्‍स की बिक्री में 62.11 फीसदी गिरावट दर्ज की गई। बता दें, ऑटो इंडस्ट्री लगातार 10वें महीने भी सुस्त पड़ी हुई है। फेस्टिव सीजन होने के बाद भी ऐसा नजारा देखने को मिल रहा है, जबकि लोग कारों की खरीदारी करना फेस्टिवल के मौके पर शुभ मानते हैं।

मूडीज का मूड, घटा जीडीपी का अनुमान

भारत के जीडीपी ग्रोथ अनुमान को फिर झटका लगा है। दरअसल क्रेडिट रेटिंग एजेंसी मूडीज ने जीडीपी का अनुमान घटा दिया है। मूडीज के अनुमान के अनुसार, भारत की जीडीपी ग्रोथ वित्त वर्ष 2019-20 के लिए 5.8 फीसदी रह सकती है। इसके अलावा मूडीज़ ने भारतीय अर्थव्‍यवस्‍था को लेकर गंभीर चेतावनी भी दी है, जिसके अनुसार, सुस्त अर्थव्‍यवस्‍था की वजह से सरकार की राजकोषीय घाटे में कमी आएगी।

ज़ोर से लगा आरबीआई का झटका

केंद्रीय बैंक आरबीआई ने भी मूडीज की तरह अपना मूड दिखाया और भारतीय अर्थव्‍यवस्‍था को झटका दिया है। दरअसल अब चालू वित्त वर्ष के लिए आरबीआई ने भी ग्रोथ रेट का अनुमान घटा दिया है। पहले आरबीआई ने  6.9 फीसदी की दर से जीडीपी ग्रोथ का अनुमान जताया था, लेकिन अब इसमें .8 फीसदी की कटौती कर दी है।

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जीएसटी कलेक्‍शन में भी गिरावट

गुड्स एंड सर्विस टैक्स (GST) कलेक्शन के आंकड़े सितंबर महीने में जारी किए गए, जिसके अनुसार, जीएसटी कलेक्शन सितंबर में कुल 91,916 करोड़ रुपये का रहा है, जबकि अगस्त के महीने ये 98,203 करोड़ रुपये था।

WEF की रैंकिंग में नीचे गिरा भारत

वर्ल्ड इकॉनोमिक फोरम (WEF) की सालाना रैंकिंग जारी की गई, जिसमें भारत नीचे गिर गया है। रैंकिंग के अनुसार, भारत 10 पायदान गिर गया है। बताया जा रहा है कि दूसरे देशों के बेहतर प्रदर्शन की वजह से भारत की रैंकिंग गिर गई है।

IMF ने जारी की चेतावनी

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने भी भारतीय अर्थव्‍यवस्‍था की हालत पर चेतावनी जारी की है। आईएमएफ का कहना है कि भारत जैसे देश में आर्थिक सुस्ती अब ज्यादा नजर आने लगी है। यही नहीं, अब तो चीन की अर्थव्यवस्था भी सुस्त हो रही है।