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सरकार के सामने धर्मसंकट, बढ़ते ईंधनों की कीमतों पर ऐसा क्यों बोलीं वित्त मंत्री

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ईंधन की कीमतों में वृद्धि पर कहा, "आदर्श रूप से, यह एक ऐसा मामला है जिस पर राज्यों और केंद्र दोनों को चर्चा करनी चाहिए क्योंकि यह सिर्फ केंद्र नहीं है जिसके पेट्रोलियम मूल्य पर शुल्क हैं, राज्य भी चार्ज कर रहे हैं।"

Chitra Singh

Chitra SinghBy Chitra Singh

Published on 5 March 2021 11:51 AM GMT

सरकार के सामने धर्मसंकट, बढ़ते ईंधनों की कीमतों पर ऐसा क्यों बोलीं वित्त मंत्री
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सरकार के सामने धर्मसंकट, बढ़ते ईंधनों की कीमतों पर ऐसा क्यों बोलीं वित्त मंत्री
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नई दिल्ली: देश की वित्त मंत्री निर्मला आज भारतीय महिला प्रेस कोर (IWPC) पहुंची। वहां उन्होंने देश में बढ़ते ईंधनों की कीमतों के बारे में चर्चा की। उन्होंने कहा कि हम देशवासियों की आवश्यकताओं को समझते है। लेकिन आपको ज्ञात नहीं कि हमारी सरकार ‘धर्मसंकट की हालत’ की परिस्थिति में हैं। हालांकि हमें ऐसे संकेत मिले है, जो ये बताती है कि हमारे अर्थव्यवस्था की समस्या में कुछ सुधार हो रहे हैं।

ईंधन की कीमतों पर बोली वित्त मंत्री

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ईंधन की कीमतों में वृद्धि पर कहा, "आदर्श रूप से, यह एक ऐसा मामला है जिस पर राज्यों और केंद्र दोनों को चर्चा करनी चाहिए क्योंकि यह सिर्फ केंद्र नहीं है जिसके पेट्रोलियम मूल्य पर शुल्क हैं, राज्य भी चार्ज कर रहे हैं। जब केंद्र राजस्व प्राप्त करता है, तो इसका 41% राज्य को जाता है।"

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प्रोत्साहन को सुनिश्चित किया

IWPC प्रेसर में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, "बजट में, हमने यह समझने के लिए प्रोत्साहन को विभाजित करना सुनिश्चित किया कि यह कहाँ होना चाहिए, साथ ही साथ यह सुनिश्चित करना कि हम उस अवसर का उपयोग करें जिसे सुधार के साथ जारी रखते हुए महामारी ने हमें प्रस्तुत किया।"

Nirmala Sitharaman

नीति-चालित परिदृश्य होना ज़रूरी

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आगे कहा, "अगले 25 वर्षों के लिए, यह सुनिश्चित करने के लिए नीति-चालित परिदृश्य होना ज़रूरी है कि भारत में भारतीय युवाओं की प्रतिभा का एहसास हो। बजट भारत को विनिर्माण के केंद्र के रूप में देखकर, उद्यमियों, व्यवसायों के लिए वह परिदृश्य प्रदान करता है।" निर्मला सीतारमण ने कहा है, "मैं कई पक्षों से बात कर रही हूं. ज्यादातर उद्योगपतियों ने कहा कि अब कारखाने पूरी क्षमता से काम कर रहे हैं और वे अब विस्तार करने पर विचार कर रहे हैं।"

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