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पार्क बना श्मशान घाट: राजधानी में भयंकर कोहराम, अंतिम संस्कार के लिए नहीं बची जगह

दिल्ली के सराय काले खां में शवों के दाह संस्कार के लिए पार्क में अंतिम संस्कार की व्यवस्था बनाई जा रही है।

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Published on 25 April 2021 9:58 AM GMT

कोरोना वायरस के संक्रमण का खतरा दिन प्रति दिन बढ़ता ही जा रहा है।
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पार्क में अंतिम संस्कार(फोटो-सोशल मीडिया)

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नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में कोरोना वायरस का भयंकर आतंक जारी है। लगातार तेजी से फैल रहे कोरोना संक्रमण के नए मामलों के सामने आने के साथ ही सैकड़ों लोग दम तोड़ते जा रहे हैं। ऐसे में हालात ये होते जा रहे हैं कि श्मशान घाटों में लाशें जलाने के लिए लंबी-लंबी लाइनें लगानी पड़ रही है।

बढ़ते मौतों के आकड़ों से स्थितियां कुछ ऐसी हो गई हैं कि दिल्ली के सराय काले खां में शवों के दाह संस्कार के लिए पार्क में अंतिम संस्कार की व्यवस्था बनाई जा रही है। राजधानी के पार्क को आज अंतिम संस्कार के लिए इस्तेमाल में लाया जा रहा।

पार्क बना श्मशान घाट

ये भी नहीं है कि दिल्ली के सराय काले खां में श्मशान घाट नहीं हैं, यहां श्माशान घाट तो हैं लेकिन रोजाना हो रही मौतें इतनी ज्यादा हैं कि श्मशान घाट पर समय से सभी का अंतिम संस्कार हो सके, ऐसा संभव नहीं हो पा रहा है। इस सराय काले खां के हरे-भरे पार्क में जहां सुबह-शाम लोग टहलने और हवा खाने आते थे, अब यहां लोगों की चिताओं को अग्नि देने की व्यवस्था की जा रही है।

यहां सराय काले खां में पार्क में लाश जलाने के लिए नए प्लेटफार्म तैयार किए जा रहे हैं। ऐसे में 20 प्लेटफॉर्म तैयार किए जा रहे हैं। वहीं पार्क के दूसरे हिस्से में ही 50 प्लेटफॉर्म तैयार किया जा रहा है।

इस बारे में प्लेटफॉर्म तैयार करने वाले ठेकेदार का कहना है कि लाशें इतनी आ रही हैं कि श्मशान घाट छोटा पड़ गया है। इसलिए यह बनाया जा रहा है। लाश जलाने के लिए जगह के साथ-साथ लकड़ियां भी कम पड़ गई हैं। लाश जलाने के लिए कुछ लकड़ियां एमसीडी की तरफ से आ रही हैं तो कुछ कोई और भेज देता है। हालात काफी खराब हैं।

Vidushi Mishra

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