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Corona Virus Update News : ओमीक्रान संक्रमण के बावजूद आ सकता है नेगेटिव टेस्ट

Corona Virus Update News : कोरोना के लक्षण होने के बावजूद भी टेस्ट में कोरोना नेगेटिव (Corona Negative report) पाए जा रहे हैं। आइए जानते हैं क्या है पूरा मामला

Neel Mani Lal
Published on 21 Jan 2022 6:15 AM GMT
Corona virus
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 कोरोना केस (फोटो साभार- Social Media)

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Corona Virus Update News : कोरोना (Corona Virus) की मौजूदा लहर में बहुत से लोग लक्षण होने के बावजूद टेस्ट में कोरोना नेगेटिव (Corona Negative report) पाए जा रहे हैं। कई बार परिवार के कुछ सदस्य पॉजिटिव (Corona Positive) पाए जाते हैं तो साथ में रह रहे अन्य सदस्य नेगेटिव निकलते हैं। इससे आरटीपीसीआर टेस्ट (RTPCR Test) पर संदेह पैदा होना लाजिमी है।

सैंपल को 2 से 5 डिग्री सेल्सियस के तापमान पर ले जाया गया

एक्सपर्ट्स का कहना है कि यह संभव है कि समान लक्षण होने के बावजूद आरटीपीसीआर परीक्षण (RTPCR REPORT) कुछ लोगों के लिए पॉजिटिव रिपोर्ट (PositiveReport) दिखाए और दूसरों के लिए नेगेटिव (Negative)। इसकी वजह सैंपल लेने में गड़बड़ी हो सकती है। अगर सैंपल कलेक्शन प्रोसेस (sample Collection Process) सही है,सही तरीके से नाक व गले को गहरे तक स्वैब किया गया है, सैंपल को 2 से 5 डिग्री सेल्सियस के तापमान पर ले जाया गया है, किसी स्तर पर कोई गंदगी से एक्सपोज़र नहीं हुआ है तो टेस्ट रिजल्ट पॉजिटिव आएगा (Corona Virus New variant omicron) । वहीं अगर स्वैब सही तरीके से नहीं लिया गया है, या उस इंसान में टेस्टिंग के लिए पर्याप्त वायरल कण नहीं हैं तो गलत रिजल्ट आएगा।

कब लिया गया सैंपल, ये भी है महत्वपूर्ण

टेस्टिंग में वायरस की इन्क्यूबेशन अवधि भी महत्वपूर्ण होती है। वायरस के इनक्यूबेशन का मतलब है कि एक बार जब वायरस शरीर में प्रवेश कर जाता है तो लक्षण विकसित होने में कुछ समय लगता है।आरटीसीपीआर टेस्ट पॉजिटिव नहीं दिखने का एक अन्य कारण यह है कि सैंपल उस अवधि में किया जा रहा है, जब व्यक्ति या रोगी इन्क्यूबेशन की स्थिति में है, या अभी तक फ्लोरिड रोगसूचकता विकसित नहीं हुई है।

रिजल्ट के लिए वायरल कण होना जरूरी

विशेषज्ञों का कहना है कि औसत इन्क्यूबेशन अवधि चार से छह दिन है। इस अवधि में।वायरस मल्टीप्लाई करता है। भले ही पीसीआर तकनीक बेहद संवेदनशील है, फिर भी पॉजिटिव रिजल्ट के लिए एक निश्चित मात्रा में वायरल कण होना जरूरी है। शुरुआत के छह दिन बाद लक्षणों को सबसे अधिकतम समय का माना जाता है। वैसे, बहुत से लोग जल्द ही पॉजिटिव हो सकते हैं।

लक्षणों के पहले दिन टेस्ट कराने पर नेगेटिव आने की संभावना

कुछ एक्सपर्ट्स का कहना है कि ओमीक्रान के मामले में, वायरस की अधिकतम मात्रा लक्षणों की शुरुआत के तीसरे दिन के बाद से लेकर छठे दिन तक दिखाई देती है। उसके बाद इसमें कमी आ जाती है। इसलिए, लक्षणों के पहले दिन टेस्ट कराने पर नेगेटिव रिपोर्ट आने की संभावना होती है।

ओमीक्रान के ज्यादातर मरीज एसिम्प्टोमैटिक यानी बिना लक्षण वाले होते हैं। ऐसे मामलों में पता चलना मुश्किल होता है कि संक्रमित होने का पहला दिन कौन सा था। यदि ऐसे मरीज पहले ही संक्रामक चरण से आगे निकल चुके हैं, तो उनका परीक्षण भी नेगेटिव होगा। विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि लोग संक्रमित होने के पहले दिन से लेकर उसके 10 दिन बाद तक दूसरों तक वायरस पहुंचा सकते हैं।

Ragini Sinha

Ragini Sinha

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