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यूपी बोर्ड परीक्षा: कक्ष निरीक्षकों की तैनाती में खेल के संकेत, DIOS बोले- जल्‍द तैनात होंगे निरीक्षक

sujeetkumar

sujeetkumarBy sujeetkumar

Published on 25 Feb 2017 11:17 AM GMT

यूपी बोर्ड परीक्षा: कक्ष निरीक्षकों की तैनाती में खेल के संकेत, DIOS बोले- जल्‍द तैनात होंगे निरीक्षक
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लखनऊ: यूपी बोर्ड की हाई स्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाएं 16 मार्च से प्रस्तावित हैं। ये परीक्षाएं 21 अप्रैल तक चलेंगी। इसको लेकर राजधानी में 150 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर करीब 5000 कक्ष निरीक्षकों की तैनाती होनी है। परीक्षा होने में महज 17 दिन ही शेष है और अभी तक केंद्रों पर कक्ष निरीक्षकों की तैनाती नहीं हो सकी है। इसको लेकर परीक्षा केंद्रों पर मनमाने तरीको से कक्ष निरीक्षकों की तैनाती में खेल से पूरी तरह इंकार नहीं किया जा सकता है।

सूत्रों की माने तो कक्ष निरीक्षकों की तैनाती मैन्युअल प्रक्रिया द्वारा होनी है और इसमें सक्षम अधिकारी द्वारा बड़ा खेल किया जा सकता है। हालांकि डीआईओएस उमेश त्रिपाठी का दावा है कि जल्‍द ही राजधानी के 150 परीक्षा केंद्रों पर 5000 कक्ष निरीक्षक तैनात कर दिए जाएंगे।

डीआईओएस ऑफिस नहीं पहुंचे आईडी कॉर्ड

जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा बोर्ड परीक्षाओं में कक्ष निरीक्षकों की तैनाती के लिए नया प्रारूप जारी किया गया था। इसमें 6 बिंदुओं पर कक्ष निरीक्षक बनने वाले अध्यापकों का ब्यौरा मांगा गया था। इन आई डी कार्डो को विद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा हस्ताक्षर करके डीआईओएस कार्यालय में 26 फरवरी तक भेजना है, परंतु शनिवार तक कई स्कूलों ने डीआईओएस कार्यालय में काउंटरसाइन के लिए आईडी कार्ड नहीं भेजे हैं। ऐसे में कक्ष निरीक्षकों की तैनाती को लेकर असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है। राजधानी के 150 परीक्षा केंद्रों पर 5000 कक्ष निरीक्षकों की तैनाती होनी है।

आगे की स्लाइड में पढ़ें परिषद् द्वारा एलिजिबल शिक्षक बनेगे निरिक्षक...

परिषद् द्वारा एलिजिबल शिक्षक बनेगे निरिक्षक

डी आई ओ एस उमेश त्रिपाठी ने बताया की माध्यमिक शिक्षा परिषद् की गाइड लाइन के मुताबिक अर्ह शिक्षक ही परीक्षा केंद्रों पर बतौर निरीक्षक तैनात किए जाएंगे। बोनाफाइड शिक्षकों को कक्ष निरीक्षक बनाने के पीछे विभाग की मंशा जहा एक ओर फर्ज़ी कक्ष निरीक्षकों पर लगाम लगाकर परीक्षा की शुचिता बनाए रखना है, वहीं दूसरी ओर मानदेय वितरण में आने वाली समस्याओं से निजात पाना भी है।

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2017 का ये है फॉर्मेट

डी आई ओ एस उमेश त्रिपाठी ने बताया की इस बार वर्ष 2017 में कक्ष निरीक्षकों को जिस आई कार्ड का वितरण किया जाएगा उसमे 6 बिन्दुओं को शामिल किया गया है। इसमें राजकीय, अशासकीय सहायता प्राप्त और वित्त विहीन मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों का 6 बिन्दुओं पर ब्यौरा मांगा गया है। इसमें शिक्षक का नाम, पदनाम, पिता का नाम, विद्यालय का नाम, विद्यालय में नियुक्ति की तिथि, शैक्षिक योग्यता का स्पष्ट विवरण ​जिसमें ग्रेजुएशन और पोस्‍टग्रेजुएशन के विषय के साथ शिक्षक द्वारा वर्तमान में पढ़ाए जा रहे ​सब्‍जेक्‍ट की डिटेल शामिल होगी।

परिचय पत्र पर शिक्षक की विद्यालय के ​प्रधानाचार्य द्वारा सत्यापित फोटो भी होगी। परिचय पत्र को शिक्षक और प्रधानाचार्य के हस्ताक्षर और मोहर के साथ डीआईओएस द्वारा​काउंटरसाइन करवाया जाएगा। इन परिचय पत्रों को डीआईओएस द्वारा ​काउंटरसाइन करवाने के लिए 26 फरवरी तक डीआईओएस कार्यालय में जमा किया जाना है। इसके बाद ही निरीक्षकों को ​वै​ध परिचय पत्र वितरित किए जाएंगे। इन परिचय पत्रों को निरीक्षक ड्यूटी के दौरान अपने साथ रखेंगे। यदि कोई व्यक्ति बिना इस आई डी कार्ड के ड्यूटी करता पाया गया तो उसके विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाएगी।

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आगे की स्लाइड में पढ़ें ​5000 कक्ष निरीक्षक होंगे तैनात...

पिछले वर्षों में होती थी अनियमितता

माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रादेशिक संरक्षक आर. पी मिश्र ने बताया की बीते वर्षो में बोर्ड परीक्षाओं के दौरान घोर अनियमितता होतीं आई है। पिछले साल ही इंदिरा नगर के सक्सेना इंटर कॉलेज में बक्शी का तालाब क्षेत्र के एक गैर मान्यता प्राप्त विद्यालय के बच्चे परीक्षा देते पाए गए थे। इसमें कक्ष निरीक्षक समेत केंद्र अधीक्षक की भूमिका संदिग्ध पाई गई थी। तत्कालीन जिलाधिकारी राजशेखर द्वारा इस मामले में एफ आई आर के निर्देश भी दिए गए थे। इसके अलावा कई जगहों पर अवैध और गैर अर्ह कक्ष निरीक्षक परीक्षा क​रा​ते पाए गए थे। इसके बाद मानदेय वितरण को लेकर भी काफी खींचतान रही थी।

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5000 कक्ष निरीक्षक होंगे तैनात

डीआईओएस उमेश त्रिपाठी ने बताया कि इस बार राजधानी में 150 परीक्षा केंद्र बनाए गए है। इसमें 48 वित्तविहीन और शेष राजकीय और अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालय सम्मलित हैं। इन केंद्रों पर 5000 कक्ष निरीक्षकों की तैनाती होनी है। ये कक्ष निरीक्षक राजधानी में पंजीकृत एक लाख 6 हज़ार बच्चो की परीक्षा कराएंगे। इनमे हाई स्कूल के 57907 बच्चे शामिल है, जिनमे 29615 बालक और 28292 बालिकाएं शामिल हैं। इनके अलावा इंटरमीडिएट के 44754 बच्चे भी शामिल है। जिनमे21503 बालक और 23251 बालिकाएं शामिल रहेंगे।

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हर 10 केंद्रो पर होगा एक सेक्‍टर मजिस्‍ट्रेट

डीआईओएस उमेश त्रिपाठी ने बताया कि मुख्‍य सचिव राहुल भटनागर द्वारा 6 फरवरी को सभी मंडलों के कमिश्‍नरों और डीएम को पत्र लिखकर यूपी बोर्ड परीक्षा को संपन्‍न करवाने के लिए राजस्‍व अधिकारियों को बतौर सेक्‍टर मजिस्ट्रे्ट तैनात करने का आदेश हुआ है। हर 10 सेंटर्स पर एक-एक सेक्‍टर मजिस्‍ट्रेटों को तैनात किया जाएगा।

​​डीआईओएस ​कार्यालय में बनेगा कंट्रोल रूम

​डीआईओएस उमेश त्रिपाठी ने बताया कि डीआईओएस कार्यालय में ही एक कंट्रोल रूम बनाया जाएगा और यहां शिफ्ट के हिसाब से कर्मचारी की तैनाती की जाएगी। इसके हेल्‍पलाइन नंबर को जल्‍द ही जारी किया जाएगा। बाकी व्‍यक्तिगत रूप से कोई भी उनके सीयूजी नंबर 9454457262 पर भी कर सकते हैं।

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