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68 लाख बेटियों की हत्या: मार डाली जाएंगी सभी, रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा

भारत में आज भी लिंगभेद किया जा है। लड़के और लड़कियों में फर्क किया जाता है। ये बात एक रिपोर्ट में सामने आई है। सन् 2017 से 2030 के दौरान भारत में 68 लाख कम लड़कियां पैदा होंगी।

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NewstrackBy Newstrack

Published on 22 Aug 2020 11:30 AM GMT

68 लाख बेटियों की हत्या: मार डाली जाएंगी सभी, रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा
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नई दिल्ली: भारत में आज भी लिंगभेद किया जा है। लड़के और लड़कियों में फर्क किया जाता है। ये बात एक रिपोर्ट में सामने आई है। सन् 2017 से 2030 के दौरान भारत में 68 लाख कम लड़कियां पैदा होंगी। सऊदी अरब की किंग अब्दुल्ला यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी की एक अध्ययन में ये बात सामने आई है। इस रिपोर्ट के पीछे वजह बताई गई है कि अब भी लिंग जानने के बाद महिला के गर्भ में लड़की होने पर उनका अबॉर्शन करा दिया जाता है।

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भारत में सबसे अधिक कमी इस राज्य में

ऐसे में theguardian.com में छपी रिपोर्ट के अनुसार, विशेषज्ञों का कहना है कि 2017 से 2030 के बीच उत्तर प्रदेश में 20 लाख कम लड़कियां पैदा होंगी। इसका मतलब भारत में सबसे अधिक कमी इस राज्य में देखने को मिल सकती है। आबादी की फर्टिलिटी रेट और लोगों के बेटे या बेटी पाने की चाहत के आधार पर विशेषज्ञों ने भारत के 29 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों पर सर्वे किया है।

baby

इसके साथ ही भारत के उत्तर में स्थित 17 में ये रिपोर्ट सामने आई कि बेटे को लोग काफी अधिक पसंद करते हैं। ये रिपोर्ट इसी हफ्ते Plos One जर्नल में प्रकाशित की गई है।

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कड़ी नीति लागू करने की जरूरत

baby girl

स्टडी में इस बात की भी वकालत की गई है कि लैंगिक बराबरी के लिए भारत को कड़ी नीति लागू करने की जरूरत है। रिपोर्ट में इस बात की भी तरफदारी की गई है कि लैंगिक बराबरी के लिए भारत को कड़ी नीति लागू करने की जरूरत है।

जानकारी के लिए बता दें, कि सन् 1994 में ही भारत में कानून बनाकर गर्भ में पल रहे बच्चे का लिंग जांच करना अवैध करार दिया गया था। हालांकि, अलग-अलग इलाकों में इस कानून को लागू करने में असमानताएं हैं। देश के अधिकतर हिस्सों में लिंग अनुपात का खराब होना जारी है।

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