सियाचिन : बर्फीले तूफान की चपेट में आए सभी 10 सैनिकों की मौत

प्रतीकात्मक चित्र

श्रीनगर :सियाचिन में हिमस्खलन की चपेट में आने से बुधवार को लापता हुए जेसीओ समेत सेना के सभी 10 जवानों की मौत हो गई है। जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ लेफ्टिनेंट जनरल डीएस हुड्डा ने कहा, ‘यह बहुत दुखद घटना है और हम देश के लिए ड्यूटी करते हुए जान न्यौछावर करने वाले इन जवानों को सैल्यूट करते हैं। दुनिया के सबसे ऊंचे और दुर्गम युद्ध क्षेत्र सियाचिन ग्लेशियर के उत्तरी छोर पर बुधवार की सुबह हुए हिमस्खलन में एक सैन्य चौकी पूरी तरह तबाह हो गई थी। इस घटना में चौकी में मौजूद एक जेसीओ समेत 10 सैन्यकर्मी लापता थे। सेना और वायुसेना का बचाव दल अपने खोजी कुत्तों और अत्याधुनिक उपकरणों की मदद से उनका पता लगाने में जुटा था। सभी लापता जवान सेना की मद्रास रेजिमेंट से संबंधित बताए जाते थे।

तलाशी अभियान जारी  

रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल एसडी गोस्वामी ने इस हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि सियाचिन ग्लेशियर में सुबह करीब साढ़े सात बजे बर्फीला तूफान आया था। इसी दौरान हुए हिमस्खलन में एक चौकी तबाह हो गई। लापता जवानों के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा ”जब तक हमें किसी का शव नहीं मिलेगा, हम उसकी मौत की पुष्टि नहीं कर सकते”।

बीते साल भी हुई थी ऐसी घटना  

बीते चार माह के दौरान सियाचिन में हिमस्खलन में सैन्यकर्मियों के मारे जाने अथवा लापता होने की यह तीसरी घटना है। 13 नवंबर, 2015 को सियाचिन ग्लेशियर के दक्षिणी छोर पर हुए हिमस्खलन में सेना की 3 स्काउट्स के कैप्टन अश्वनी कुमार शहीद हो गए थे, जबकि 15 जवानों को बाद में बचाव दल ने बचा लिया था। इसके बाद इसी इलाके में तीन जनवरी, 2016 को हुए हिमस्खलन में 3 स्काउट्स से संबंधित चार जवान शहीद हो गए थे।