कांग्रेस का स्मृति ईरानी पर भ्रष्टाचार का आरोप, कहा- मंत्री पद से हटाएं PM मोदी

कांग्रेस ने केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी पर सांसद निधि को लेकर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। साथ ही कांग्रेस ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उन्हें मंत्रिमंडल से बर्खास्त कर देना चाहिए।

नई दिल्ली: कांग्रेस ने केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी पर सांसद निधि को लेकर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। साथ ही कांग्रेस ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उन्हें मंत्रिमंडल से बर्खास्त कर देना चाहिए। कांग्रेस ने कहा कि इस मामले में स्मृति के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक कानून के तहत मामला दर्ज किया जाए। कांग्रेस के इस आरोप पर स्मृति और भाजपा की ओर से फिलहाल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शक्ति सिंह गोहिल ने पत्रकारों से कहा कि मोदी जी और उनके करीबी करोड़ों से कम खाते नहीं और ईमानदार लोगों को चैन से रोटी खाने नहीं देते। कांग्रेस नेता शक्ति सिंह गोहिल और रणदीप सुरजेवाला ने सीएजी रिपोर्ट का हवाला देते हुए स्मृति ईरानी पर अपने सांसद निधि का दुरुपयोग करने का आरोप लगाया।

शक्ति सिंह गोहिल ने कहा, ‘पीएम मोदी ने कहा था कि मैं न खाता हूं और न खाने देता हूं, लेकिन सच्चाई है कि पीएम और उनके करीबी करोड़ों से कम खाते नहीं, सच बोलने वाले को चैन की रोटी खाने नहीं देते हैं। स्मृति ईरानी ने सांसद बनने के बाद एक गांव गोद लिया था, दरअसल उन्होंने गांव गोद नहीं लिया, बल्कि गांव को मिलने वाले पैसे अपने जेब के अंदर किए।

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आणंद जिले के कलेक्टर ने सांसद निधि जारी करने वाले डिप्टी सचिव को एक लेटर लिखा था। इसमें खुलासा हुआ कि स्मृति ईरानी ने अपने सांसद निधि में घोटाला किया।’

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उन्होंने कहा, ‘कार्यदायी संस्था सरकारी संस्था के अलावा कोई नहीं हो सकता ये दिशा निर्देश है, लेकिन मोदी जी की सबसे करीबी सांसद स्मृति ईरानी ने कहा कि कार्यदायी संस्था शारदा मजदूर सहकारी समिति को बनाया जाए।

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गोलिह ने आरोप लगाया कि स्मृति ईरानी के कहने पर नियमों को ताक पर रखकर शारदा मजदूर कामदार मंडली को बिना निविदा के ही 232 कार्यों के ठेके और 5.93 करोड़ रुपये का भुगतान करने के लिए दोषी ठहराया है, जिसमें 84.53 लाख रुपये का फर्जी भुगतान शामिल है। कलेक्टर ने जब कुछ कामों की जांच करायी तो पता चला कि कहीं कोई काम नहीं हुआ। सब कुछ फर्जी है। तब कलेक्टर ने कहा कि उनसे करीब 4 करोड़ की रिकवरी की जाए।’