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सैकड़ों की मौत के बाद भी नहीं जागा आबकारी विभाग, धधक रही हैं भट्टियां, 10 रुपये में बिक रही मौत

कुशीनगर, सहारनपुर और मेरठ में पिछले दो दिनों के अंदर जहरीली शराब से मौते अभी रुकने का नाम नहीं ले रही है। इसके बाद भी कुशीनगर से सटे जनपद देवरिया के अधिकारियों की कुंभकर्णी नींद अभी नहीं खुली है और वह चैन की नींद सोने में मस्त है।

Dharmendra kumar

Dharmendra kumarBy Dharmendra kumar

Published on 10 Feb 2019 10:11 AM GMT

सैकड़ों की मौत के बाद भी नहीं जागा आबकारी विभाग, धधक रही हैं भट्टियां, 10 रुपये में बिक रही मौत
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गोरखपुर: कुशीनगर, सहारनपुर और मेरठ में पिछले दो दिनों के अंदर जहरीली शराब से मौते अभी रुकने का नाम नहीं ले रही है। इसके बाद भी कुशीनगर से सटे जनपद देवरिया के अधिकारियों की कुंभकर्णी नींद अभी नहीं खुली है और वह चैन की नींद सोने में मस्त है।

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उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के सदर कोतवाली थाना क्षेत्र में सहारनपुर, कुशीनगर और मेरठ में हुई मौतों के बाद जहरीली शराब का रियल्टी चेक किया गया तो तस्वीरे हैरान करने वाली थीं। जिले के कई ईंट और भट्टों पर अभी भी जहरीली शराब धड़ल्ले से बनाई और बेची जा रही है। लोग खुलेआम इस जहरीली शराब का सेवन और खरीदारी करते नजर आ रहे हैं। तस्वीरों को देखकर यह सहज अंदाज लगाया जा सकता है कि यहां जिला प्रशासन के साथ साथ आबकारी विभाग की कोई हनक नही हैं।

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इस बारे में जब हमने यहां के जिला आबकारी अधिकारी अश्वनी कुमार से इस बारे में बात की तो उन्होंने सरकार, पुलिस के साथ-साथ अपनी भी पोल खोलते हुए कहा कि हमारा विभाग और जिला प्रशासन और पुलिस मुस्तैद है। लगातार कार्यवाही हो रही है। कल भी हमारी टीम ने रुद्रपुर के कोइलगढवा में लहन नष्ट किया है। इस पर लगातार कार्यवाही होती रहती है। लेकिन यह है कि इस पर पूरी तरह उन्मूलन नहीं हो पाता है। हमारे विभाग के पास थोड़े संसाधन की कमी है उसके वावजूद भी हम इसमें प्रयासरत हैं। जैसे कही कोई दबिश होती है। इनको नेस्तोनाबूत किया जाता है, लेकिन दस दिनों बाद यह पुनः अपना कार्य संचालित कर लेते हैं।

जब पत्रकारों ने इस मामले में पूछा कि चूक कैसे होती है तो उन्होंने कहा कि चूक की अगर बात करें तो चूक दोनों तरफ से है। आबकारी विभाग में संसाधन की कमी है और पुलिस विभाग में नेटवर्क की कमी है। हम यह कह सकते हैं कि जल्दी ही इस पर दुरुस्त कार्रवाई होगी।

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अब सवाल यह उठता है कि जब जनपद में लगातार कार्रवाई हो रही है तो फिर इस जहरीली शराब की भट्टियां धधक कैसे रही हैं और जिस खुलासे को खुद आबकारी अधिकारी कैमरे पर स्वीकार कर रहे हैं।

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