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40 जवानों की शहादत के बदले में मारे 400 आतंकी, कांप उठे थे पाकिस्तान जनरल

26 फरवरी के दिन ही भारतीय वायु सेना मिराज 2000 से पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर हमला बोला और उन्हें तहस-नहस कर दिया इस हमले में लगभग 400 आतंकी मारे गए।

Vidushi Mishra

Vidushi MishraBy Vidushi Mishra

Published on 26 Feb 2021 8:18 AM GMT

40 जवानों की शहादत के बदले में मारे 400 आतंकी, कांप उठे थे पाकिस्तान जनरल
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26 फरवरी के दिन ही भारतीय वायु सेना मिराज 2000 से पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर हमला बोला और उन्हें तहस-नहस कर दिया इस हमले में लगभग 400 आतंकी मारे गए।
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अखिलेश तिवारी

लखनऊ। पुलवामा बम विस्फोट का खामियाजा पाकिस्तान के आतंकी संगठनों को अपनी बर्बादी से चुकाना पड़ा था। 26 फरवरी के दिन ही भारतीय वायु सेना मिराज 2000 से पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर हमला बोला और उन्हें तहस-नहस कर दिया इस हमले में लगभग 400 आतंकी मारे गए। पाकिस्तान सेना के जनरल बाजवा थर थर कांप उठे थे हालांकि पाकिस्तान ने यह सच नहीं कबूला था और दावा किया था कि बालाकोट स्ट्राइक में कोई भी नहीं मारा गया है। लगभग डेढ़ साल बाद पाकिस्तान सरकार ने अब मान लिया है कि बालाकोट स्ट्राइक में भारी तबाही हुई थी।

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पाकिस्तान के बालाकोट में हमला

उरी सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान के बालाकोट में भारतीय वायुसेना सेना की एयर स्ट्राइक नेम पाकिस्तान में बैठे आतंकवादियों संगठनों के आकाओं के होश उड़ा दिए थे। 26 फरवरी 2019 की रात लगभग 3:30 बजे भारतीय वायु सेना के 12 बिरहा जो 20 लड़ाकू विमानों ने भारतीय सीमा पार कर पाकिस्तान के बालाकोट में हमला बोला था।

बालाकोट में जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी ठिकानों को वायु सेना के जांबाज लड़ाकू ने पूरी तरह तहस-नहस कर दिया। तब हालांकि पाकिस्तान ने दावा किया था कि भारतीय वायुसेना के जहाजों ने पाकिस्तान की हवाई सीमा में प्रवेश किया। लेकिन वह खाली जगह पर मिसाइल गिरा कर भाग गए हैं इससे किसी को कोई नुकसान नहीं हुआ है।

Indian Army (फोटो:सोशल मीडिया)

पाकिस्तान के टीवी चैनल पर वह जगह भी दिखाई गई जहां मिसाइल अटैक हुआ था और दावा किया गया कि यहां मिसाइल अटैक से केवल पक्षी मरे हैं कोई आतंकी ठिकाना इस स्थान पर नहीं था और वह बर्बाद नहीं हुआ।

भारतीय वायु सीमा में प्रवेश की कोशिश की

बाद में खुली पोल पाकिस्तान के झूठ की पोल लगभग डेढ़ साल बाद पाकिस्तान के सांसदों ने ही खोल दी। बालाकोट स्ट्राइक के अगले दिन पाकिस्तान के लड़ाकू विमानों ने भारतीय वायु सीमा में प्रवेश की कोशिश की तो इंडियन एयरफोर्स ने मुकाबला किया और जांबाज फाइटर विंग कमांडर अभिनंदन वर्धमान ने पाकिस्तान के f-16 विमान को मार गिराया।

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इस करीबी युद्ध में अभिनंदन का विमान भी दुर्घटनाग्रस्त हुआ और वह पाकिस्तान की सीमा में पहुंच गए। पाकिस्तान नेशनल असेंबली के पूर्व स्पीकर अयाज सादिक पाकिस्तान संसद में इस पर चर्चा करते हुए पाकिस्तान के झूठ की पोल खोल दी।

उन्होंने पाकिस्तान संसद ने बताया कि जब पुलवामा अटैक के बाद हुई तनातनी के बाद भारतीय जांबाज पायलट विंग कमांडर पाकिस्‍तान की सीमा में पहुंच गए थे तो पाकिस्‍तान सेना की हालत सबसे ज्‍यादा खराब हो गई थी। इमरान सरकार को लताड लगाते हुए उन्होंने कहा कि हमें ऐसी बातें न बताई जाएं। झूठी शेखी बघारने की जरूरत नहीं है।

Army31 फोटो-सोशल मीडिया

जमीनी हकीकत के अनुसार ही बात करनी चाहिए। उन्‍होंने बताया कि मुझे याद है जब भारत की वायु सेना के विंग कमांडर अभिनंदन को पकडा गया था तो भारत से पाकिस्‍तान की सेना और सरकार कितनी डरी हुई थी। पाकिस्‍तान सेना प्रमुख जनरल कमर बाजवा उनके पास कमरे में आए थे। माथे पर पसीना टपक रहा था और उनके पांव थरथर कांप रहे थे।

अभिनंदन के मामले में घुटने टेक

बाजवा को भारत के हमले का डर सता रहा था। तब विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने कांपती जुबान से डरते हुए उनसे कहा था कि बहुत हो गया, अभिनंदन को जाने दें। नहीं तो भारत ने हमले की तैयारी कर रखी है रात नौ बजे हमला हो जाएगा।

खुदा के वास्‍ते बहुत हो गया। अब उसे जाने दें। उन्‍होंने कहा कि आज आप कुलभूषण की बात करते हैं तो उसके लिए हमारी पार्टी ने ऐसा कुछ नहीं किया जैसा आप लोगों ने अभिनंदन के मामले में घुटने टेक कर किया है।

क्या था पुलवामा का हमला

14 फरवरी 2019 को पाकिस्तान की ओर से जम्मू कश्मीर के पुलवामा में हमला किया गया जिसमें भारत के तीन 40 सीआरपीएफ जवान शहीद हुए पाकिस्तान ने सीआरपीएफ के काफिले पर 350 किलो आईडी से ब्लास्ट किया था।

इस आतंकी हमले में पाकिस्तान के आतंकी संगठनों और एसआई की मिलीभगत का सबूत मिलने के बाद भारतीय वायुसेना ने ठीक 12 दिन बाद 26 फरवरी को बालाकोट एयर स्ट्राइक की थी।

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Desk Editor

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