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Mimi Chakraborty: लोकसभा चुनाव से पहले ममता बनर्जी को लगा बड़ा झटका,मिमी चक्रवर्ती ने सांसद पद से दिया इस्तीफा
Mimi Chakraborty:
Mimi Chakraborty: लोकसभा चुनाव से पहले पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और टीएमसी मुखिया ममता बनर्जी को बड़ा झटका लगा है। तृणमूल कांग्रेस की सांसद और चर्चित अभिनेत्री मिमी चक्रवर्ती ने सांसद पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपने निर्वाचन क्षेत्र में स्थानीय नेतृत्व के प्रति नाराजगी जताते हुए अपना इस्तीफा टीएमसी की मुखिया ममता बनर्जी को सौंप दिया है। हालांकि उन्होंने अपना इस्तीफा अभी लोकसभा अध्यक्ष को नहीं सौंपा है।
2019 के लोकसभा चुनाव में मिमी चक्रवर्ती ने जादवपुर लोकसभा सीट पर जीत हासिल की थी। मिमी चक्रवर्ती के इस्तीफे को पार्टी में चल रही खींचतान से जोड़कर देखा जा रहा है। अभी हाल में पश्चिम बंगाल सरकार में राज्य मंत्री श्रीकांत महतो ने मिमी चक्रवर्ती समेत पार्टी के कई बड़े नेताओं पर पैसे लूटने का बड़ा आरोप लगाया था। इसके बाद मिमी चक्रवर्ती का यह इस्तीफा सामने आया है।
लोकसभा स्पीकर के पास नहीं भेजा इस्तीफा
मिमी चक्रवर्ती का कहना है कि वे अपने लोकसभा क्षेत्र में टीएमसी के स्थानीय नेतृत्व से नाखुश हैं। उन्होंने सांसद पद से अपने इस्तीफे के पीछे इसी नाखुशी को कारण बताया है। हालांकि उन्होंने अपना इस्तीफा अभी लोकसभा के स्पीकर ओम बिरला को नहीं सौंपा है। इस कारण मिमी चक्रवर्ती के इस्तीफे को अभी औपचारिक माना जा रहा है।
अब यह देखने वाली बात होगी कि टीएमसी मुखिया ममता बनर्जी की ओर से इस इस्तीफे को लोकसभा के स्पीकर के पास भेजा जाता है या नहीं। मिमी चक्रवर्ती का कहना है कि टीएमसी मुखिया की मंजूरी मिलने के बाद ही वे अपने इस्तीफा को लोकसभा के स्पीकर के पास भेजेंगी।
बंगाली फिल्मों की चर्चित अभिनेत्री
बंगाली फिल्म इंडस्ट्री में मिमी चक्रवर्ती ने काफी नाम कमाया है और उनकी तगड़ी फैन फॉलोइंग है। 11 फरवरी 1989 को जलपाईगुड़ी में पैदा होने वाली मिमी चक्रवर्ती ने 2012 में अपने फ़िल्मी कॅरियर की शुरुआत की थी। उन्होंने बंगाली इंडस्ट्री की 25 से ज्यादा फिल्मों में अपने शानदार अभिनय से लोगों का दिल जीता है। उनकी लोकप्रियता को भुनाने के लिए ही टीएमसी मुखिया ममता बनर्जी ने 2019 की सियासी जंग में उन्हें जादवपुर लोकसभा क्षेत्र से चुनावी अखाड़े में उतारा था।
ममता बनर्जी को लगा बड़ा झटका
2019 के लोकसभा चुनाव में मिमी चक्रवर्ती ने भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार अनुपम हाजरा को दो लाख 95 हजार वोटों से हराने में कामयाबी हासिल की थी। सीपीएम की ओर से विकास रंजन भट्टाचार्य को चुनाव मैदान में उतारा गया था मगर वे तीसरे नंबर पर रहे थे। इस महीने की शुरुआत में बंगाली फिल्म स्टार और तृणमूल कांग्रेस के सांसद दीपक अधिकारी ने भी अपनी पार्टी को झटका दिया था। उन्होंने अपने निर्वाचन क्षेत्र की तीन समितियां से इस्तीफा दे दिया था।
संदेशखाली के मुद्दे पर गिरी ममता बनर्जी के लिए मिमी चक्रवर्ती का इस्तीफा बड़ा झटका माना जा रहा है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मिमी चक्रवर्ती के इस्तीफे को अभी स्वीकार नहीं किया है। ममता बनर्जी ने उन्हें आश्वासन दिया है कि वे इस मुद्दे को सुलझाने का प्रयास करेंगी।
मिमी चक्रवर्ती पर पैसों की लूट का आरोप
माना जा रहा है कि कुछ पार्टी नेताओं की ओर से आरोप लगाए जाने के बाद मिमी चक्रवर्ती ने सांसद पद से इस्तीफा दिया है। पश्चिम बंगाल सरकार में राज्य मंत्री श्रीकांत महतो ने आरोप लगाया था कि मिमी चक्रवर्ती समेत पार्टी के कुछ अन्य नेता पैसों की लूट में लगे हुए हैं।
उन्होंने इस मामले में मिमी चक्रवर्ती के साथ ही नुसरत जहां, सयंतिका बनर्जी और सयानी घोष का नाम भी लिया था। उनका कहना था कि पार्टी इन चोरों की ही सुनेगी तो हमें नया रास्ता तलाशना होगा। जानकार सूत्रों के मुताबिक जादवपुर लोकसभा क्षेत्र के स्थानीय नेतृत्व के साथ भी मिमी चक्रवर्ती की पटरी नहीं बैठ रही थी जिसके बाद उन्होंने ममता बनर्जी को इस्तीफा सौंपने का बड़ा कदम उठाया है।