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निर्भया केस: अब नहीं बचेंगे दोषी, कोर्ट ने जारी किया नया डेथ वारंट

निर्भया गैंगरेप और हत्याकांड के चारों दोषियों के फांसी की सजा से बचने के सभी विकल्प अब खत्म हो चुके हैं। एक के बाद एक नए क़ानूनी पैंतरों के जरिये फांसी की सजा को टालने में लगे चारों दोषियों कि अब तक तीन बार सजा टाली जा चुकी है।

Roshni Khan

Roshni KhanBy Roshni Khan

Published on 5 March 2020 4:09 AM GMT

निर्भया केस: अब नहीं बचेंगे दोषी, कोर्ट ने जारी किया नया डेथ वारंट
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निर्भया केस: अब नहीं बचेंगे दोषी, जारी हुआ नया डेथ वारंट
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नई दिल्ली: निर्भया गैंगरेप और हत्याकांड के चारों दोषियों के खिलाफ नया डेथ वारंट जारी किया जा चुका है। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने गुरुवार को नया डेथ वारंट जारी कर दिया है। नए डेथ वारंट के अनुसार दोषियों को 20 मार्च को सुबह 5:30 बजे फांसी दी जाएगी। आपको बता दें कि चारों दोषियों के सभी विकल्प खत्म हो चुके हैं। वहीं नया डेथ वारंट जारी होने पर निर्भया के माता-पिता ने खुशी जाहिर की है। हालांकि दूसरी ओर गुनहगार का पक्ष नाखुश दिखाई दिया।

फांसी की सजा से बचने के लिए दोषियों के सभी विकल्प अब खत्म हो चुके हैं। एक के बाद एक नए क़ानूनी पैंतरों के जरिये फांसी की सजा को टालने में लगे चारों दोषियों की अब तक तीन बार सजा टाली जा चुकी है। निर्भया के दरिंदों में से एक पवन कुमार गुप्ता की दया याचिका राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बुधवार को खारिज कर दी। इसी के साथ चारों दरिंदों पवन गुप्ता, अक्षय ठाकुर, विनय शर्मा और मुकेश सिंह के सभी विकल्प खत्म हो चुके हैं।

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इससे पहले दोषियों की फांसी तीन बार 22 जनवरी, एक फरवरी और तीन मार्च को टल चुकी है।

दोषियों की मानसिक हालत की जांच हो, याचिका खारिज

दिल्ली हाईकोर्ट में दोषियों की मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य की जांच करने के लिए राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को निर्देश देने को लेकर याचिका दी गई थी। मुख्य जज डीएन पटेल और जस्टिस सी हरिशंकर की पीठ ने इस पर सुनवाई से इनकार करते हुए कहा, याचिका में इस दलील में कोई दम नहीं है। इसे सबसे पहले आयोग में लेकर जाना चाहिए। ए राजराजन की ओर से शनिवार को यह याचिका दी गई थी।

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