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राजस्थान उच्च न्यायालय ने विवादित अध्यादेश पर केंद्र, राज्य को नोटिस जारी किया

राजस्थान उच्च न्यायालय ने वसुंधरा राजे के विवादित अध्यादेश के मद्देनजर शुक्रवार को केंद्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। मुख्यमंत्री राजे का यह विवादित अध्यादेश

Anoop Ojha

Anoop OjhaBy Anoop Ojha

Published on 27 Oct 2017 8:46 AM GMT

राजस्थान उच्च न्यायालय ने विवादित अध्यादेश पर केंद्र, राज्य को नोटिस जारी किया
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राजस्थान उच्च न्यायालय
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जयपुर: राजस्थान उच्च न्यायालय ने वसुंधरा राजे के विवादित अध्यादेश के मद्देनजर शुक्रवार को केंद्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। मुख्यमंत्री राजे का यह विवादित अध्यादेश लोकसेवकों को संरक्षण देने वाला है। आपराधिक कानून (राजस्थान संशोधन) अध्यादेश 2017, सितंबर में लागू किया गया था। उच्च न्यायालय ने सरकार को जवाब देने के लिए एक महीने का समय दिया है। मामले की अगली सुनवाई 27 नवंबर को होगी।

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अदालत ने अपने आदेश में अध्यादेश के खिलाफ दायर सभी सात याचिकाएं और जनहित याचिकाओं को भी शामिल किया, जिसमें प्रदेश में कांग्रेस पार्टी के प्रमुख नेता सचिन पायलट द्वारा दायर याचिका भी शामिल है।

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मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी ने सोमवार को तमाम आलोचनाओं को दरकिनार कर राजस्थान विधानसभा में यह विधेयक पेश किया था। यह विधेयक मौजूदा या सेवानिवृत न्यायाधीश, दंडाधिकारी और लोकसेवकों के खिलाफ उनके अधिकारिक कर्तव्यों के निर्वहन के दौरान किए गए कार्य के संबंध में न्यायालय को जांच के आदेश देने से रोकता है। इसके अलावा कोई भी जांच एजेंसी इन लोगों के खिलाफ अभियोजन पक्ष की मंजूरी के निर्देश के बिना जांच नहीं कर सकती।

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अनुमोदन पदाधिकारी को प्रस्ताव प्राप्ति की तारीख के 180 दिन के अंदर यह निर्णय लेना होगा। विधेयक में यह भी प्रावधान है कि तय समय सीमा के अंदर निर्णय नहीं लेने पर मंजूरी को स्वीकृत माना जाएगा। विधेयक के अनुसार जबतक जांच की मंजूरी नहीं दी जाती है तबतक किसी भी न्यायाधीश , दंडाधिकारी या लोकसेवकों के नाम, पता, फोटो, परिवारिक जानकारी और पहचान संबंधी कोई भी जानकारी न ही छापा सकता है और ना ही उजागर किया जा सकता है।प्रावधानों का उल्लंघन करने वालों को दो वर्ष की कारावास और जुमार्ने की सजा दी जा सकती है।

--आईएएनएस

Anoop Ojha

Anoop Ojha

Excellent communication and writing skills on various topics. Presently working as Sub-editor at newstrack.com. Ability to work in team and as well as individual.

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