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वैक्सीनेशन में परेशानी: कोई अपने फोन में लगा रहा, तो कोई खोजता रह गया OTP

कोरोना टीकाकरण को लेकर हेल्प डेस्क पर लोग बातचीत करते रहे और अपनी समस्याओं को लेकर सवाल पूछते रहे। किसी को रजिस्ट्रेशन संबंधी समस्या सामने आ रही थी, तो कोई वन टाइम पासवर्ड जेनरेट नहीं कर पा रहा था।

SK Gautam

SK GautamBy SK Gautam

Published on 1 March 2021 12:04 PM GMT

वैक्सीनेशन में परेशानी: कोई अपने फोन में लगा रहा, तो कोई खोजता रह गया OTP
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वैक्सीनेशन में परेशानी: कोई अपने फोन में लगा रहा, तो कोई खोजता रह गया OTP
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नई दिल्ली: आज पूरे देश में दूसरे चरण का कोरोना टीकाकरण शुरू हुआ जिसको लेकर लोगों में जागरूकता के साथ उत्साह भी दिखाई दिया। इस दौरान कुछ शंकाओं के साथ-साथ लोगों को कुछ तकलीफों का सामना भी करना पड़ा। 1 मार्च से सरकारी अस्पतालों के साथ-साथ सरकार द्वारा रजिस्टर्ड निजी अस्पतालों में भी टीकाकरण अभियान शुरू किया गया।

टीकाकरण के लिए रजिस्ट्रेशन के लिए लगा तांता

बता दें कि हरियाणा के गुरुग्राम में आज सुबह कोरोना वैक्सीनेशन का दूसरा चरण शुरू हुआ। गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में टीकाकरण से जुड़ी जानकारियां लेने और टीकाकरण के लिए रजिस्ट्रेशन कराने के लिए सुबह से ही आने वालों का तांता लगा रहा। अस्पताल की ओर से हेल्प डेस्क बनाया गया था, लेकिन रजिस्ट्रेशन से लेकर दूसरी कई समस्याओं से लोगों को जूझना पड़ा।

वन टाइम पासवर्ड जेनरेट करने में आईं समस्याएं

कोरोना टीकाकरण को लेकर हेल्प डेस्क पर लोग बातचीत करते रहे और अपनी समस्याओं को लेकर सवाल पूछते रहे। किसी को रजिस्ट्रेशन संबंधी समस्या सामने आ रही थी, तो कोई वन टाइम पासवर्ड जेनरेट नहीं कर पा रहा था। किसी को अपॉइंटमेंट लेने में दिक्कत हो रही थी, तो किसी को वैक्सीनेशन से जुड़ी जानकारियों को लेकर असमंजस था।

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अपनी समस्याओं को लोगों ने बताया

गुरुग्राम के रहने वाले अशोक कुमार मेदांता अस्पताल के हेल्प डेस्क पर रजिस्ट्रेशन करवाने तो पहुंचे, लेकिन ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन इसलिए नहीं करवा पाए, क्योंकि अशोक के पास स्मार्टफोन नहीं है। उन्होंने बताया कि, "मेरे पास स्मार्टफोन नहीं है और न हीं मैं स्मार्टफोन का इस्तेमाल जानता हूं। ऐसे में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया मेरे लिए मुश्किल है। इसलिए मैं अस्पताल में रजिस्ट्रेशन करवाने आया हूं।" वहीं शांता कुमार उन दूसरे मरीजों में से थे, जो रजिस्ट्रेशन के लिए आए तो थे और उनके पास स्मार्ट फोन भी था, लेकिन उन्हें स्मार्टफोन चलाना ही नहीं आता।

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कोविन ऐप को लेकर भी कई तकनीकी समस्या से हुए परेशान

वैक्सीन से सम्बंधित बनाये गए कोविन ऐप के जरिए रजिस्ट्रेशन करने वाले लोगों को तकनीकी समस्या से भी जूझना पड़ा। गुरुग्राम की रहने वाली इला गुप्ता अस्पताल में रजिस्ट्रेशन करवाने आई तो थीं, लेकिन रजिस्ट्रेशन हो नहीं पाया। इला गुप्ता को असमंजस इसलिए थी कि उन्हें कोविन एप्लीकेशन के जरिए रजिस्टर करना है या फिर कोविन वेबसाइट के जरिए। इला गुप्ता ने बताया कि "सरकार को सभी जानकारियां स्पष्ट रूप से देनी चाहिए। ऐप के जरिए हमने रजिस्टर करने की कोशिश की, लेकिन पासवर्ड नहीं मिल पाया, जिससे रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया में दिक्कत हो रही है।"

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टीकाकरण को लेकर काफी उत्साहित दिखे

मेदांता अस्पताल की मेडिसिन विभाग की हेड डॉ. सुशीला कटारिया ने कहा कि 'लोगों में उत्साह है और लोग टीकाकरण को लेकर काफी उत्साहित हैं। इस संबंध में पूछताछ भी कर रहे हैं।' वहीं टीकाकरण को लेकर लोगों के मन में जो शंका है, इस सवाल का जवाब देते हुए डॉ। सुशीला कटारिया ने कहा कि लोगों में अब किसी तरह का भ्रम नहीं है। उन्हें वैक्सीन पर भरोसा है, क्योंकि वक्त के साथ हर सवाल शंका लोगों के मन से खत्म हो गई है। जिस वैक्सीन को लेकर सवाल उठाए जा रहे थे, खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उसी वैक्सीन को लगवाया है, जो एक बड़ा संदेश है।

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