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कांवड़ियों के मुआवजे और आर्थिक नीतियों पर अखिलेश ने साधा बीजेपी पर निशाना

सपा मुखिया ने भाजपा पर हमलावर होते हुए लिखा है कि अखबार और सोशल मीडिया बैंकों के फ्राड की खबरों से भरे पड़े है, लेकिन भाजपा का ध्यान सिर्फ और सिर्फ राजनीतिक खरीद-फरोख्त में लगा है।

Aditya Mishra

Aditya MishraBy Aditya Mishra

Published on 30 Aug 2019 2:25 PM GMT

कांवड़ियों के मुआवजे और आर्थिक नीतियों पर अखिलेश ने साधा बीजेपी पर निशाना
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लखनऊ: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कांवरिये की मौत पर सरकार से उचित मुआवजा देने की मांग करते हुए सरकार पर कटाक्ष किया है कि दिखावें की फूलवर्षा व तेल-मालिश से राजनीतिक लाभ उठाना और सच में वक्त पड़ने पर सरकार का मुंह चुराना अच्छी बात नहीं हैं।

सपा अध्यक्ष ने शुक्रवार को ट्वीट कर कहा कि कांवड़ यात्रा में हताहत होने वाले भक्तों के लिए सरकार का दायित्व बनता है कि उचित मुआवजा दे। उन्होंने मृतकों को 20 लाख और गंभीर रूप से घायलों को पांच से 10 लाख रुपये की सहायता प्रदान करने का सुझाव भी दिया है।

अखिलेश यादव ने शुक्रवार को ही एक अन्य ट्वीट में एक मीडिया ग्रुप की खबर का हवाला दिया है, जिसमे रिजर्व बैंक आफ इंडिया की बैंक फ्राड की दर 74 फीसदी बढ़ने के संबंध में बताया गया है।

सपा मुखिया ने भाजपा पर हमलावर होते हुए लिखा है कि अखबार और सोशल मीडिया बैंकों के फ्राड की खबरों से भरे पड़े है, लेकिन भाजपा का ध्यान सिर्फ और सिर्फ राजनीतिक खरीद-फरोख्त में लगा है।

सत्ता की ये भूख बैंकों में जमा जनता के पैसों की चिंता नहीं करी रही है। जबकि बचत के रूप में बैंकों में जमा आम आदमी का भविष्य भी खतरे में हैं।

रोजगार नहीं दिया तो युवा आक्रोश चरम पर होगा

बताते चले कि इससे पहले भी रिजर्व बैंक से धन लिए जाने पर भी अखिलेश ने भाजपा की आर्थिक नीतियों पर ट्वीट करते हुए कहा था कि रिजर्व बैंक में प्रतिभूति की तरह जमा पैसों को भी भाजपा ने नहीं छोड़ा, ये अर्थव्यवस्था को गर्त में ले जाने वाला कदम बताया था।

उन्होंने कहा था कि इससे जनता का बैंकों पर से भरोसा घटेगा, सरकार ने अगर इन पैसों से रोजगार नहीं दिया तो युवा आक्रोश चरम पर होगा, क्योकि अब पैसों की कमी का बहाना नहीं चलेगा।

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