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Trending | पजामे में डबल स्टिच की जगह तुरपाई थी, तो हो गए नेता जी वायरल

 उन्नाव मामले में काँग्रेस काफी मुखर,प्रखर नजर आ रही थी। जोशीले कार्यकर्ता बीजेपी ऑफिस को घेरने निकल पड़े। इनमें शामिल थे शिव पांडेय साहेब। जोरदार नारे लगा रहे थे। सांस फूल रही थी, लेकिन टीवी और अखबार पर छपने का मौका कैसे जाने देते। उनको क्या पता था कि वो अगले कुछ घंटों में इंडिया में फेमस होने वाले हैं।

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RishiBy Rishi

Published on 31 July 2019 10:30 AM GMT

Trending | पजामे में डबल स्टिच की जगह तुरपाई थी, तो हो गए नेता जी वायरल
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लखनऊ: उन्नाव मामले में काँग्रेस काफी मुखर,प्रखर नजर आ रही थी। जोशीले कार्यकर्ता बीजेपी ऑफिस को घेरने निकल पड़े। इनमें शामिल थे शिव पांडेय साहेब। जोरदार नारे लगा रहे थे। सांस फूल रही थी, लेकिन टीवी और अखबार पर छपने का मौका कैसे जाने देते। उनको क्या पता था कि वो अगले कुछ घंटों में इंडिया में फेमस होने वाले हैं।

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अब क्या कहें गलती उनके जोश की थी या उनके दर्जी की, झक्क सफ़ेद पैंट वहां से धोखा दे गई जहां से देना बेवफ़ाई में गिना जाता है। नेता जो चार पुलिसवालों के हाथों में टंगे थे, और फोटो जर्नलिस्ट आशुतोष त्रिपाठी ने धकाधक कैमरे में तस्वीरें या ये कहें उनकी बेपर्दा होती इज्जत को खूँटे में टांग दिया। इसके बाद क्या हुआ वो तो जमाने को पता है। लेकिन हम क्या करें हम भी आदत से मजबूर हैं फिर से बताएंगे पूरा का पूरा। (वो क्या है कि आधा गिलास पानी भी पसंद नहीं है)

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तो भैया इसके बाद हुआ ये कि आशुतोष ऑफिस पहुंचे, और फोटो फाइल करने के बाद लग गए अपने मिशन झुनझुना( ये हमारे बोल बचन है इससे आशुतोष का कोई लेना देना नहीं है) पर। 36 तस्वीरों से सबसे उम्दा तस्वीर को खोजने में उन्हे 20 या हो सकता है 21 मिनट लगे हो। फिर उस वाली तस्वीर वो जो आप ऊपर देख चुके हैं। उसे आगे बढ़ा दिया, इसके बाद तो मतलब भसड़ फैल गई। तस्वीर वायरल हो गई। वरिष्ठ पत्रकार नवल कान्त सिन्हा, हेमंत तिवारी और अतुल अग्रवाल के साथ कई नेताओं ने उस तस्वीर पर मौज ली। तो वहीं कुछ की भावना लाल हो गई बोले तो भड़क गई।

आज के लिए मालिक लोगों इतना ही बुरा लगा हो तो पत्नी से बोल कर दो रोटी अधिक सिकवा लेना...अमा खाने के लिए।

ऐसा कहा जाता है कि पुलिसवाले उतारू होते हैं तो फाड़ के रख देते हैं. विश्वास न हो तो शिव पांडेय जी से पूछो..!!



— Naval Kant Sinha | नवल कांत सिन्हा | نول کانٹ سنہا (@navalkant) July 30, 2019



— पिंकू शुक्ला (@shuklapinku) July 30, 2019

राम राम राम तेरे राज में ये कैसा अंधेर उम्र का भी ख्याल नहीं https://t.co/4IaDfY1MwD

— Ram-राम Krishna-कृष्ण (@rkvajpei) July 30, 2019







Rishi

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आशीष शर्मा ऋषि वेब और न्यूज चैनल के मंझे हुए पत्रकार हैं। आशीष को 13 साल का अनुभव है। ऋषि ने टोटल टीवी से अपनी पत्रकारीय पारी की शुरुआत की। इसके बाद वे साधना टीवी, टीवी 100 जैसे टीवी संस्थानों में रहे। इसके बाद वे न्यूज़ पोर्टल पर्दाफाश, द न्यूज़ में स्टेट हेड के पद पर कार्यरत थे। निर्मल बाबा, राधे मां और गोपाल कांडा पर की गई इनकी स्टोरीज ने काफी चर्चा बटोरी। यूपी में बसपा सरकार के दौरान हुए पैकफेड, ओटी घोटाला को ब्रेक कर चुके हैं। अफ़्रीकी खूनी हीरों से जुडी बड़ी खबर भी आम आदमी के सामने लाए हैं। यूपी की जेलों में चलने वाले माफिया गिरोहों पर की गयी उनकी ख़बर को काफी सराहा गया। कापी एडिटिंग और रिपोर्टिंग में दक्ष ऋषि अपनी विशेष शैली के लिए जाने जाते हैं।

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