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इस मंदिर में प्रसाद की जगह चढ़ाई जाती है चप्पल, खास है वजह

Charu Khare

Charu KhareBy Charu Khare

Published on 17 July 2018 11:34 AM GMT

इस मंदिर में प्रसाद की जगह चढ़ाई जाती है चप्पल, खास है वजह
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लखनऊ: आजतक आपने बहुत सारी अजीबोगरीब खबरें सुनी या देखी होगी लेकिन आज जो खबर हम आपको सुनाने जा रहे हैं वो न सिर्फ अजीब है बल्कि हैरान कर देने वाली भी है। जी हां। दरअसल, हमारे देश में तरह-तरह के देवी-देवताओं के मंदिर स्थित हैं। जिसकी अपनी अलग-अलग मान्यताएं भी हैं।

यहाँ भक्तों की आस्था दूर-दराज से भी उन्हें मन्दिर तक खींच लाती है तो वहीँ भक्त खुद भी भगवान् को खुश करने के लिए उन्हें प्रसाद चढ़ाना उनकी पूजा करना जैसे धार्मिक कार्यों को करते हैं। लेकिन अगर हम आपसे कहे कि एक मन्दिर ऐसा भी है जहां भक्तों को प्रसाद की जगह चप्पल मिलती है तो....क्यों चौंक गए न आप लेकिन यह सच है।

दरअसल, मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के कोलार इलाके में स्थित एक मंदिर जीजी बाई में माता को प्रसाद के रूप में चप्पलें और सैंडिल चढ़ाई जाती है। इतना ही नहीं बल्कि यहाँ टोपी, गर्मियों के दिनों में चश्मा, घड़ी आदि चीजों को भी चढ़ाया जाता हैं। इस चढ़ावे को प्रसाद के रूप में भक्तो में बांट दिया जाता हैं। मंदिर के सेवक बतातें हैं कि यहां मां दुर्गा की देखभाल एक बेटी की तरह की जाती है।

मंदिर की मान्यता..

बता दें, इस मंदिर को लोग सिद्धिदात्री पहाड़ावाली मंदिर भी कहते हैं। यहां कि ऐसी मान्यता है कि तकरीबन 18 साल पहले ओम प्रकाश नाम के एक महाराज ने मूर्ति स्थापना की थी। और लोगो का कहना हैं, उस समय इस महाराज ने शिव-पार्वती का विवाह कराया था और खुद कन्यादान भी किया था। तब से ओम महाराज मां सिद्धिदात्री को अपनी बेटी मानकर पूजा करते हैं।

वहीं हर मंदिर में प्रसाद के रूप में रंग-बिरंगे फूल, मालाएं, नारियल, प्रसाद, चिरौंजी चढ़ाई जाती है। लेकिन, राजधानी भोपाल के इस देवी मंदिर में मन्नत पूरी होने पर भक्त देवी मां को चप्पलें चढाते हैं। कह सकते हैं कि हर साल भोपाल की पहाडी पर स्थित इस मंदिर में फुटवियर मेला लगता है।

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