डॉन की आशिकी में मोनिका ने छोड़ा था घर बार, अब नाम भी सुनना पसंद नहीं

Published by Admin Published: March 14, 2016 | 7:01 pm
Modified: March 14, 2016 | 7:05 pm

लखनऊः फिल्म एक्ट्रेस मोनिका बेदी सोमवार को एक पॉलिटिकल पार्टी के उद्घाटन में शामिल होने लखनऊ आईं थी। मोनिका अपनी अदाकारी और फिल्मों से ज्यादा डॉन अबू सलेम से अफेयर के लिए चर्चित रहीं। जिसके लिए मोनिका ने अपने मां-बाप और कॅरियर को छोड़ा आज उनका नाम भी सुनना पसंद नहीं करती। आइए जानते हैं डॉन से उनके अफेयर की कहानी उन्हीं की जुबानी, जो उन्होंने फिल्मफेयर.कॉम और इंडिया-फॉरम्स.कॉम को दिए इंटरव्यू में कहा था।

पढ़िए पूरी लव स्टोरी……….

मोनिका का दिल थोड़े वक्त के लिए ही सही, लेकिन अबू के लिए धड़का जरूर था। आजमगढ़ के मीर सराय गांव के मैकेनिक लड़के से पंजाब के होशियारपुर की चुलबुली लड़की को प्यार हो जाएगा, यह उसने कभी सोचा भी नहीं था। प्यार की राह उसे गुनाहों के दलदल तक ले जाएगी,इसका उसे बिल्कुल भी पता नहीं था।

मोनिका ने कहा कि उन्हें नहीं पता था कि जिस शख्स के लिए उनका दिल धड़क रहा है वो अंडरवर्ल्ड का मोस्ट वॉन्टेड है। उन्हें नहीं मालूम था कि जिसके साथ वो प्यार की पींगे बढ़ा रही है, उसका असली नाम अबु सलेम है। 1998 में मोनिका को पहली बार सलेम का फोन आया था। मोनिका उस समय दुबई में थी, जब फोन पर उन्हें एक स्टेज शो करने के लिए ऑफर मिला था।

फोन पर होती थी ज्यादा बातें
-मोनिका पेशे से अभिनेत्री हैं, इसलिए स्टेज शो के ऑफर में उनकी दिलचस्पी थी।
-उन्होंने अंडरवर्ल्ड सरगना दाऊद इब्राहिम और छोटा शकील का नाम सुना था।
-लेकिन वह अबु सलेम के नाम को नहीं जानती थीं।
-स्टेज शो के दौरान अबु ने खुद को एक कारोबारी बताया था।

-मोनिका से स्टेज शो के पहले अबु नाम बदलकर बातें करता था।
-लेकिन उसके बात करने का अंदाज बिल्कुल अलग था जिससे वह उसे पसंद करने लगी थीं।
-मोनिका और सलेम की बातें फोन पर ज्यादा होती थीं।

-लेकिन कहीं न कहीं दोनों के बीच कोई कनेक्शन जरूर था।
-मोनिका ने कभी नहीं सोचा था कि किसी से फोन पर बातें करके वो उसे इतना पसंद करने लगेंगीं।
-उससे बात किए बिना रह नहीं पाएंगी।

उसके फोन का बेसब्री से करती थी इंतजार
-मैं ये नहीं कहूंगी कि मैं उसके प्यार में पड़ गई थी।
-लेकिन मैं उसे कहीं ना कहीं पसंद करने लगी थी।
-मैं पूरे दिन उसके फोन का बेसब्री से इंतजार करने लगी थी।

-जब फोन नहीं आता तो मैं व्याकुल हो उठती थी।
-फोन पर बात करने के दौरान अबु मुझे बहुत ही संजीदा और सुलझे हुए इंसान लगे।
-उनसे बातें करके लगता था कि जैसे वो बहुत ही क्लोज फ्रेंड हैं।

अबू सलेम ने खुद को बताया आर्सलन अली
-मैं उनसे अपनी सारी बातें शेयर करने लगी थी।
-दुबई में शो के बाद हम दोनों इतने करीब आ गए कि अबु हर आधा घंटे में मेरा फोन लगा देते थे।
-वो मेरी काफी परवाह करने लगे थे।
-दुबई में दो बार मिलने के बाद मैं मुंबई वापस आई तो मैंने अबु को मुंबई आने के लिए कहा।
-लेकिन वो हमेशा कोई बहाना बना देते।
-अबु मुझे अपना नाम आर्सलन अली बताया था।
-अबु हमेशा यही नाम इस्तेमाल करते थे।
-यहां तक की जब पुर्तगाल में हम गिरफ्तार हुए तब भी अबु ने अपना नाम आर्सलन अली बताया था।