Top

डाकघर में नहीं करते हैं इन नियमों का पालन तो बंद हो जाएगा ग्राहक का खाता

suman

sumanBy suman

Published on 12 Oct 2017 6:44 AM GMT

डाकघर में नहीं करते हैं इन नियमों का पालन तो बंद हो जाएगा ग्राहक का खाता
X
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print

नई दिल्ली: डाकघर ने ग्राहकों को अपने आधार कार्ड को अपने डाकखाते से लिंक कराने के लिए निर्देश जारी कर दिया है। भारत की सबसे बड़ी संचार प्रणाली में अहम भूमिका है। अब डाकघर में आधार, पैन कार्ड और मोबाइल नंबर अपडेट कराने की पूरी प्रक्रिया केवल ऑफ लाइन होगी। यहां ऑनलाइन की कोई सुविधा नहीं है। इसके लिए ग्राहक को अपने संबंधित कागजात लेकर डाकघर जाना होगा।

यह भी पढ़ें...GOOD NEWS: प्राकृतिक आपदा में घबराने की जरूरत नहीं, BSNL करेगा इंतजाम

शहरी क्षेत्रों के मुकाबले ग्रामीण क्षेत्रों में डाकघर और उनमें बचत खाते ज्यादा हैं। ऐेसे में यहां लंबा समय आधार लिंक कराने में लग सकता है। सरकार ने इसके अलावा 135 सरकारी योजनाओं में आधार लिंक करने की समय सीमा 31 दिसंबर 2017 निश्चित की हुई है। इसके बाद आधार लिंक न कराने वाले उपभोक्ताओं को योजना का लाभ नहीं मिलेगा। कोई भी ग्राहक अपने आधार कार्ड की मूल प्रति और उसकी फोटोकॉपी साथ ले जाकर अपने खाते से आधार लिंक करा सकता है।

डाकघरों के किसी भी खाते से पैसा निकालने के लिए अब नगद या चेक से भुगतान नहीं होगा। एक दिसंबर से देशभर के डाकघरों में यह नया नियम लागू होने जा रहा है। अब आरडी या दूसरे किसी भी खाते से पैसा निकालने के लिए डाकघर में ही बचत खाता खुलवाना जरूरी कर दिया गया है। इसके बिना कोई भुगतान नहीं होगा। दूसरी ओर, 31 दिसंबर तक सभी खातों को आधार से लिंक कराना भी जरूरी कर दिया गया है।

यह भी पढ़ें...OMG: मिलिए 7 साल के इस बच्चे से जो करता है हवा में बातें, उड़ाता आसमान में प्लेन

इसके बाद आरडी या दूसरी योजना का पूरा पैसा उस बचत खाते में चला जाएगा। वहां से ग्राहक भुगतान ले सकेगा। उन्होंने बताया कि एक दिसंबर से यह नियम लागू होने जा रहा है। दूसरी ओर, 31 दिसंबर 2017 तक सभी खातों में आधार, पैन कार्ड और मोबाइल नंबर देना जरूरी हो गया है। लिहाजा, ग्राहकों को जल्द से जल्द अपनी पूरी डिटेल्स संबंधित डाकघर में देनी होगी। वरना खाता फ्रीज भी हो सकता हैं। डाकघर में किसी योजना के पूरा होने पर उसका भुगतान नगद और चेक के माध्यम से होता था। 20 हजार रुपये तक की राशि तो नगद मिल जाती थी और इससे ऊपर की राशि का डाकघर की ओर से चेक बनाकर दे दिया जाता था। चीफ पोस्ट मास्टर जेपी सेमवाल ने बताया कि नए नियमों के तहत अब नगद और चेक से भुगतान नहीं होगा। इसके बजाए एंकाउट होल्डर को डाकघर में ही बचत खाता खुलवाना होगा।

बचत खाता, पांच साल की रिकरिंग डिपॉजिट (आरडी) अकाउंट, टाइम डिपॉजिट (टीडी) अकाउंट, मंथली इनकम स्कीम (एमआईएस) अकाउंट, पब्लिक प्रोविडेंट फंड (पीपीएफ) अकाउंट, नेशनल सेविंग सर्टिफिकेट्स (एनएससी), सीनियर सिटीजन सेविंग स्कीम (एससीएसएस) अकाउंट, किसान विकास पत्र (केवीपी) और सुकन्या समृद्धि अकाउंट।

suman

suman

Next Story