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मुंबई से ताज महोत्सव में बैंजो बजाने पहुंचे विजय माल्या, देखकर हर कोई हुआ हैरान

मुंबई से बैंजो बजाने आए रणजीत वासा देखने में बिकुल हुबहू विजय माल्या लगते हैं, जैसे ही ग्रीन रूम के बहार रणजीत की गाड़ी रुकी, तो रणजीत को देखने वालों की भीड़ लग गई।

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Published on 24 March 2017 10:47 AM GMT

मुंबई से ताज महोत्सव में बैंजो बजाने पहुंचे विजय माल्या, देखकर हर कोई हुआ हैरान
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आगरा: जरा सोचकर देखिए कि जिस इंसान के ऊपर देश का करोड़ों रुपया हड़पने का इल्जाम लगा हो और वह आपके सामने हो तो क्या करेंगे? शायद उसे पकड़कर पुलिस के हवाले कर देंगे। पर आगरा में ऐसा नहीं हुआ। मोहब्बत कि नगरी ताजमहल में चल रहे ताज महोत्सव के छठे दिन मुक्ताकाशीय मंच पर तमाम कलाकारों की प्रस्तुतियां हुईं, पर ग्रीन रूम में आए विजय माल्या को देखने को सबसे ज्यादा भीड़ रही। आप कुछ गलत समझें आपको बता दें कि वह कोई असली विजय माल्या नहीं बल्कि उनके हमशक्ल रणजीत थे।

आगे की स्लाइड में जानिए कौन हैं यह रणजीत

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दरअसल मुंबई से बैंजो बजाने आए रणजीत वासा देखने में बिलकुल विजय माल्या लगते हैं, जैसे ही ग्रीन रूम के बाहर रणजीत की गाड़ी रुकी, तो रणजीत को देखने वालों की भीड़ लग गई। उन्हें देखते ही वहां मौजूद हर कोई बस यही बोल पड़ा कि ये विजय माल्या यहां कैसे आ गया? कुछ लोग तो पुलिस को जानकारी देने भी पहुंच गए, पर जब लोगों को असलियत पता चली, तो सब मुस्कुराए बिना नहीं रह पाए।

आगे की स्लाइड में जानिए क्या कहना है इस नकली विजय माल्या का

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जब रणजीत से बातचीत की तो उन्होंने हंसते हुए कहा कि 'भाई मैं किसी के हजारों करोड़ लेकर थोड़े न भागा हूं, मेरा यह लुक काफी पुराना है। अक्सर मुझे इस परेशानी का सामना करना पड़ता है। परेशान होने के बाद भी मैं किसी से गुस्सा नहीं होता हूं। बस प्यार से समझा देता हूं। संगीत के बारे में उन्होंने कहा कि उन्हें कत्थक परफॉरमेंस देने आई मशहूर कलाकार जयन्ती माला ने मां के ऊपर कुछ करने को इंस्पायर किया था और उन्होंने संस्कृति मंत्रालय से बात करके यहां प्रोग्राम करवाया है।

मैं मां के ऊपर प्रस्तुति दूंगा। उन्होंने आज वाद्य कलाकारों के कम मशहूर होने पर कहा कि कलाकार को आज ताली नहीं, रोटी चाहिए। वो तो सरस्वती के पुजारी हैं और मां अच्छा करने पर उसे आशीर्वाद देती हैं।

आगे की स्लाइड में देखिए ताज महोत्सव की झलकियां

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महोत्सव में जयन्ती माला ने कत्थक की प्रस्तुति दी, तो उनकी इस उम्र में गजब की नृत्य क्षमता देख कर लोग स्तब्ध रह गए और जब निशा विश्वास का भारत नाट्यम शुरू हुआ, तो लोग तालियां बजाने लगे। महोत्सव में मुख्या आकर्षण प्रसिद्द भजन गायक अनूप जलोटा रहे। उन्होंने रात और सुबह दोनों समय अपने भजनों से लोगों को भक्ती भाव में सराबोर कर दिया।

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