Top

एक ई-मेल ने बढ़ाई GOOGLE की टेंशन, करोड़ों डॉलर के नुकसान की आशंका

Rishi

RishiBy Rishi

Published on 15 May 2016 12:12 AM GMT

एक ई-मेल ने बढ़ाई GOOGLE की टेंशन, करोड़ों डॉलर के नुकसान की आशंका
X
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print

सैन फ्रांसिस्कोः कहा जाता है कि ई-मेल सोच-समझकर करना चाहिए। वरना कई साल बाद भी ये आपके लिए मुश्किल बन सकता है। कुछ ऐसा ही आजकल नंबर वन सर्च इंजन और एंड्रॉयड ऑपरेटिंग सिस्टम बनाने वाली गूगल के साथ हो रहा है। मामला है 10 साल पुराने एक ई-मेल का। ये ई-मेल गूगल को अरबों डॉलर का नुकसान करा सकता है।

क्या है मामला?

-एंड्रॉयड के सह संस्थापक एंडी रुबिन ने साल 2006 में एक ई-मेल भेजा था।

-ऑरेकल के खिलाफ कानूनी लड़ाई में ये ई-मेल गूगल को झटका दे सकता है।

-गूगल पर ऑरेकल ने जावा टेक्नॉलजी के कॉपी राइट उल्लंघन का दावा किया है।

-ऑरेकल ने गूगल पर हर्जाने का दावा किया है।

-जावा पहले सन माइक्रो सिस्टम्स ने बनाया था, इसे 2009 में ऑरेकल ने खरीदा था।

ऑरेकल सामने लाया रुबिन का ई-मेल

-ऑरेकल ने एंडी रुबिन का ई-मेल पेश किया है।

-रुबिन ने इसमें माना है कि जावा का कॉपीराइट सन माइक्रो सिस्टम्स के पास है।

-ई-मेल से साबित होता है कि इस बारे में रुबिन के अलावा गूगल को भी पता था।

-कॉपीराइट उल्लंघन का मामला गूगल पर साबित हो सकता है।

-अदालत में गूगल के लिए मुश्किल हो सकती है।

ऑरेकल ने कितना मांगा है हर्जाना?

-जावा की चोरी का ऑरेकल ने गूगल पर आरोप लगाया है।

-गूगल से 9 अरब डॉलर का हर्जाना ऑरेकल ने मांगा है।

-2006 का ई-मेल गूगल के लिए सिरदर्द बन सकता है।

Rishi

Rishi

आशीष शर्मा ऋषि वेब और न्यूज चैनल के मंझे हुए पत्रकार हैं। आशीष को 13 साल का अनुभव है। ऋषि ने टोटल टीवी से अपनी पत्रकारीय पारी की शुरुआत की। इसके बाद वे साधना टीवी, टीवी 100 जैसे टीवी संस्थानों में रहे। इसके बाद वे न्यूज़ पोर्टल पर्दाफाश, द न्यूज़ में स्टेट हेड के पद पर कार्यरत थे। निर्मल बाबा, राधे मां और गोपाल कांडा पर की गई इनकी स्टोरीज ने काफी चर्चा बटोरी। यूपी में बसपा सरकार के दौरान हुए पैकफेड, ओटी घोटाला को ब्रेक कर चुके हैं। अफ़्रीकी खूनी हीरों से जुडी बड़ी खबर भी आम आदमी के सामने लाए हैं। यूपी की जेलों में चलने वाले माफिया गिरोहों पर की गयी उनकी ख़बर को काफी सराहा गया। कापी एडिटिंग और रिपोर्टिंग में दक्ष ऋषि अपनी विशेष शैली के लिए जाने जाते हैं।

Next Story