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मेरठ में गरजे अरविंद केजरीवाल, तीनों कृषि कानून को बताया किसानों का डेथ वारंट

तीनों कृषि कानून के विरोध में आम आदमी पार्टी (आप) द्वारा मेरठ में दिल्ली बाईपास स्थित संस्कृति रिसोर्ट में किसान महापंचायत को संबोधित करते हुए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले 25 साल में साढ़े तीन लाख किसान आत्महत्या कर चुके हैं।

Vidushi Mishra

Vidushi MishraBy Vidushi Mishra

Published on 28 Feb 2021 12:36 PM GMT

मेरठ में गरजे अरविंद केजरीवाल, तीनों कृषि कानून को बताया किसानों का डेथ वारंट
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किसान भाई परिवार समेत 95 दिनों से कड़कती ठंड में दिल्ली के बॉर्डर पर धरने पर बैठा है।250 से ज्यादा किसान भाइयों की शहादत हो चुकी है।
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मेरठ,२८ फरवरी। उत्तर प्रदेश के मेरठ में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आज कहा कि नए कृषि कानून किसानों के लिए डेथ वारंट है। इस कानून से किसानों की जमीन छीन ली जाएगी। उन्होंने कहा कि भीषण ठंड में किसान लगातार आंदोलन इसलिए कर रहा है कि उसकी खेती पूंजीपतियों के पास चली जाएगी। किसान अपने ही खेत में मजदूर बन जाएगा। तीनों कृषि कानून के विरोध में आम आदमी पार्टी (आप) द्वारा मेरठ में दिल्ली बाईपास स्थित संस्कृति रिसोर्ट में किसान महापंचायत को संबोधित करते हुए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले 25 साल में साढ़े तीन लाख किसान आत्महत्या कर चुके हैं।

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अंग्रेजों को भी पीछे छोड़ा

2014 के घोषणात्र में भाजपा ने कहा था कि स्वामिनाथन रिपोर्ट लागू करेंगे। फसल का 50 प्रतिशत लाभ देंगे। एमएसपी लागू करेंगे। सरकार बन गई तो 2017 में सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा देकर कहा कि एमएसपी नहीं दे सकते।

सरकार बनने के तीन साल के अंदर ही किसानों के साथ धोखा कर दिया। आज जिस तरह से पूरे देश में किसानों पर अत्याचार हो रहा है। पानी की बौछारें छोड़ी जा रही हैं। इनके रास्ते में कीलें बिछाई जा रही हैं। ये किसान हैं, देश के दुश्मन नहीं हैं। अंग्रेजों ने भी इतने जुल्म नहीं किये थे। इन लोगों ने तो अंग्रेजों को भी पीछे छोड़ दिया।

अरविंद केजरीवाल ने यूपी सरकार को निशाने पर लेते हुए कहा कि यूपी में चीनी मिलों पर किसानों का १८ हजार करोंड़ों रुपये बकाया है । लेकिन अभी तक योगी सरकार नही किसानों को उनकी फसल का दाम नही दिला पा रही है। मैं पूछना चाहता हूं योगीजी की क्या मजबूरी है तुम्हारी कि आपकी पूरी की पूरी सरकार चीनी मिल मालिकों के सामने घुटने टेक कर बैठी है।

kisan protest फोटो-सोशल मीडिया

अगर आप अपने गन्ना किसानों को मिल मालिकों से पैसा नही दिला सकते तो लानत है तुम्हारी सरकार पर। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में सही नीयत वाली सरकार लानी पड़ेगी।

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किसानों पर झूठे मुकदमे

उन्होंने कहा कि जिस दिन उत्तर प्रदेश में सही नीयत वाली सरकार आएगी इधर आप अपने ट्रैक्टर से मिल पर गन्ना डालकर आओगे उधर तुम्हारे घर पर पहुंचने से पहले पैसा तुम्हारे एकाउंट में पहुंच जाएगा। मेरी सरकार आने से पहले लोग कहा करते थे कि बिजली कंपनी बहुत पावरफूल हैं। इनको काबू में नही किया जा सकता। मैने मुख्यमंत्री बनते ही इनको ठीक कर दिया।

केजरीवाल ने कहा कि किसानों पर झूठे मुकदमे किये जा रहे हैं। लालकिले का पूरा कांड इन लोगों ने खुद कराया। मेरे पास तमाम लोग आते हैं। सभी ने कहा कि इन लोगों ने जानबूझकर किसानों को लालकिले का रास्ता दिया।

जिन लोगों ने लालकिला पर झंडा फहराया, वह इनके अपने कार्यकर्ता थे। कहा कि किसान कुछ भी हो सकता है। देशद्रोही नहीं हो सकता है। आज भारतीय जनता पार्टी की सरकार किसानों पर देशद्रोह का मुकदमा कर रही है। किसानों को आतंकवादी बोल रहे हैं।

kisan tractor rally फोटो-सोशल मीडिया

केजरीवाल ने कहा कि किसानों को हमेशा धोखा दिया गया। देश में 70 साल में सभी पार्टी की सरकारें देश में आईं, सभी ने किसानों के साथ छल किया है। किसानों ने केवल अपने फसल की कीमत मांगी है लेकिन उसे भी नहीं दे रहे हैं।

किसान कहता है कि लोन माफ कर दो

हर पार्टी की घोषणापत्र में किसानों की बात होती है लेकिन उसे पूरा नहीं किया जाता है। आज किसानों को फसल की तय कीमत मिल जाती तो उन्हें लोन नहीं लेना होता। किसान कहता है कि लोन माफ कर दो। हर पार्टी चुनाव से पहले लोन माफ करने की बात कहती है लेकिन सरकार बनने पर नहीं किया जाता।

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केजरीवाल ने कहा कि 25 साल में साढ़े तीन लाख किसान आत्महत्या कर चुके हैं। 2014 के घोषणात्र में भाजपा ने कहा था कि स्वामिनाथन रिपोर्ट लागू करेंगे। फसल का 50 प्रतिशत लाभ देंगे। एमएसपी लागू करेंगे। सरकार बन गई तो 2017 में सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा देकर कहा कि एमएसपी नहीं दे सकते। सरकार बनने के तीन साल के अंदर ही किसानों के साथ धोखा कर दिया।

farmers law फोटो-सोशल मीडिया

आज जिस तरह से पूरे देश में किसानों पर अत्याचार हो रहा है। पानी की बौछारें छोड़ी जा रही हैं। इनके रास्ते में कीलें बिछाई जा रही हैं। ये किसान हैं, देश के दुश्मन नहीं हैं। अंग्रेजों ने भी इतने जुल्म नहीं किये थे। इन लोगों ने तो अंग्रेजों को भी पीछे छोड़ दिया।

सारा आंदोलन खत्म होता

दिल्ली के मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने नौ स्टेडियम को जेल बनाने के लिए पत्र भेजा था, जिसकी फाइल इन्होंने मेरे पास भेजी। लेकिन हमने फाइल क्लियर नहीं किया। अगर हम जेल बनाने देते तो ये किसानों को वहां कैद कर लेते और सारा आंदोलन खत्म हो जाता।

केजरीवाल ने कहा कि राकेश टिकैत किसानों के लिए बार्डर पर अपना शरीर ताप रहे है, लेकिन सरकार ने जो किया उस कारण उनकी आंखों में आंसू आ गए। सरकार धरना समाप्‍त कराना चाहती थी। इस कारण राकेश टिकैत के आंसू निकल आए।

उन्‍होंने कहा कि संजय सिंह ने जब राकेश टिकैत से बात कराई तो मैंने कहा हम आपके साथ हैं। इसके बाद परेशानी पूछकर किसानों के लिए राशन और पानी का इंतजाम कराया।

बता दें कि कांग्रेस, रालोद के बाद आप ने किसान महापंचायत की शुरुआत मेरठ से की है। किसान महापंचायत के लिए आप कार्यकर्ता पिछले कुछ दिनों से लगातार गांव-गांव जाकर किसानों से जनसंपर्क कर रहे थे।

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रिपोर्ट- सुशील कुमार,मेरठ।

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Desk Editor

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