शर्मनाक: कोरोना की जांच करने पहुंची टीम को लोगों ने खदेड़ा, रास्ता किया बंद

यूपी के शामली से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां कोरोना के संक्रमित मरीजों की जानकारी एकत्र करने पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम को लोगों के गुस्से का शिकार होना पड़ गया।

शामली: यूपी के शामली से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां कोरोना के संक्रमित मरीजों की जानकारी एकत्र करने पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम को लोगों के गुस्से का शिकार होना पड़ गया।

स्थानीय लोगों ने टीम का घेराव कर दिया। उन्हें गलियों से निकालते हुए रास्ता बंद कर दिया। बाद में जब मामला पुलिस तक पहुंचा तो उसने आकर भीड़ को तितर बितर किया। उसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अपना काम शुरू किया।

ये है पूरा मामला

दरअसल ये पूरा मामला जनपद शामली के सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला तैमूर शाह का है। जहां पर कोरोनावायरस से निजात दिलाने के लिए लगाई गई स्वास्थ्य विभाग की टीम को लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा।

तैमूर शाह पर लोगों ने स्वास्थ्य विभाग की टीम का घेराव किया और किसी भी प्रकार की जानकारी देने से मना कर दिया। मालूम हो कि स्वास्थ्य विभाग की टीम यहां जानकारी इकट्ठा कर रही है कि घर में कितने सदस्य हैं और कोई ऐसा व्यक्ति तो नहीं है जो कि बाहर से आया हो और कोरोना पॉजिटिव हो या फिर उसमें कोरोना जैसी भयंकर बीमारी के लक्षण हो।

आज जब अपना काम करने के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके पर पहुंची तो लोगों ने उनका घेराव कर दिया। अपने आप को घिरता देख स्वास्थ्य विभाग की टीम के अधिकारी गलियों से बाहर सड़क पर निकल गए।

जिसके बाद मोहल्ले में मौजूद लोगों ने गलियों पर अस्थाई गेट लगा दिए। कहीं गलियों के बाहर लिंटर के काम में आने वाली चाली लगा दी गई तो कहीं ट्रैक्टर के टायरों से पूरी गली को ब्लॉक कर दिया गया।

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पुलिस ने भीड़ को किया तितर बितर

विरोध का सामना कर रही टीम ने पूरे घटनाक्रम की सूचना आला अधिकारियों को दी। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग के सीएमओ मौके पर पहुंचे लेकिन लोगों ने स्थाई गेट नहीं हटाया। जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई मौके पर पहुंची पुलिस ने गलियों में विरोध कर रहे लोगों को तो हटा दिया लेकिन गलियों के बाहर गलियों को बंद करने के लिए लगाए गए अस्थाई गेट नहीं हटवा पाई।

पुलिस के पहुंचने के बाद पुलिस की मौजूदगी में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गलियों में लोगों से जानकारी इकट्ठा की। जहां पर स्वास्थ्य विभाग की टीम सर्वे करने के लिए पहुंची थी यह वह क्षेत्र है, जहां पर बाहर से आए जमातियों को मस्जिद में क्वॉरेंटाइन कर रखा गया था और उस मोहल्ले के बहुत से लोगों ने जमा तीनों के साथ मुलाकात की थी जो कि उनके संपर्क में रहे थे जिस कारण स्वास्थ्य विभाग इस चित्र में सर्वे और जांच करा रहा है।

महिला स्वास्थ्य कर्मी रेनू रानी ने बताया कि हम यहां पर सर्वे करने के लिए आए हैं कि कोविड-19 का जो सर्वे हो रहा है जो मस्जिद के आसपास के 1 किलोमीटर का एरिया होता है उसका सर्वे करने के लिए यहां पर आए हुए हैं।

लोगों ने जानकारी देने से किया मना

यहां पर कुछ फैमिली ऐसी है जो बताने से मना कर रही है कि हमारे घर में कितने सदस्य हैं और ना ही यह बता रहे हैं कि जो फैमिली का मुखिया है उसका नाम बता रहे हैं और यह कह रहे हैं कि यहां कोई दिक्कत नहीं है, तुम जाओ जिसकी सूचना हमने रमेश चंद्र को भी दी।

उन्होंने भी इनसे बात की, लेकिन इन्होंने उन्हें भी साफ मना कर दें कि हम लोग कुछ नहीं बताएंगे हमें यहां पर बहुत समस्या आ रही है कह रहा है कि हम तुम्हें अंदर नहीं आने देंगे जाने नहीं देंगे कुछ बताएंगे नहीं।

वहीं एसीएमओ डॉ आर के सागर ने बताया कि कुछ लोग पॉजिटिव मिले हैं तो उनके बारे में जो आसपास के लोग हैं उनकी जांच करनी है जो उनके कांटेक्ट में आए हैं कि किसी और को तो कोरोनावायरस कोई लक्षण नहीं है तो हमारी टीम में एक्टिव सर्च करने जा रही हैं तो कुछ लोगों ने यहां पर रुकावट डाल रखी है।

जिससे कि स्वास्थ्य विभाग की टीम अंदर ना जा सके और किसी प्रकार की कोई जानकारी नहीं जुटा सके यहां पर लकड़ियों से बांसवाड़ा से जो मकान बनाने के लिए यूज होते हैं चार्ली टाइप उनसे बंद कर रखा है ताकि आम आदमी या स्वास्थ्य विभाग की टीम या कोई अन्य ना सके।

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