एटा: छोटी सी बात पर हुआ विवाद, महिलाओं पर हुआ धारदार हथियारों से हमला

गांव के दो पक्षों रामनरेश व रामपाल आदि में मामूली कहा सुनी को लेकर विवाद हो गया और विवाद इतना बढ़ गया कि दूसरे दिन एक पक्ष ने धारदार हथियारों से तीन महिलाओं व उनके परिजनों पर हमला कर दिया।

Published by Roshni Khan Published: January 11, 2021 | 4:43 pm
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एटा: छोटी सी बात पर हुआ विवाद, महिलाओं पर हुआ धारदार हथियारों से हमला (PC: social media)

एटा: उत्तर प्रदेश के एटा जनपद में पुलिस की कार्यप्रणाली व कार्य शैली पर लगातार सवालिया निशान लगने लगे हैं। चाहे वह सरकारी बकील के साथ बर्बरता का मामला हो या फिर महिलाओं की सुरक्षा का। इसी क्रम में ऐसी ही एक घटना जनपद के थाना राजा का रामपुर क्षेत्र के ग्राम गड़ी ककोड़ा में घटी।

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तीनों महिलायें गंभीर रूप से घायल हो गयी थीं

जहां 22 दिसंबर 2020 को गांव के दो पक्षों रामनरेश व रामपाल आदि में मामूली कहा सुनी को लेकर विवाद हो गया और विवाद इतना बढ़ गया कि दूसरे दिन एक पक्ष ने धारदार हथियारों से तीन महिलाओं व उनके परिजनों पर हमला कर दिया। जिसमें तीनों महिलायें गंभीर रूप से घायल हो गयी थीं। जिन्हें गंभीर हालत के चलते अलीगंज सीएचसी से डॉक्टरों ने हायर सेंटर उपचार के लिए रेफर कर दिया गया था।

जहां घायलों का कई दिनों तक उपचार चला। इलाज के बाद जब सभी घायल घर आये तो पता चला कि पुलिस ने तत्परता से कार्यवाही करते हुए दोनों पक्षो पर मुकदमा लिख चार्ट सीट भी दाखिल कर दी। जिसमें पुलिस ने पीड़ित पक्ष को भी आरोपी बनाया गया था। तो पीड़ित तीनों बहनों ने पुलिस की कार्यशैली की वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार सिंह से शिकायत कर पुलिस की कार्यप्रणाली पर ही सवाल खड़े कर दिए।

एसएसपी एटा सुनील कुमार सिंह को शिकायती पत्र देते हुए गुहार लगाई

पीड़ित पक्ष रामनरेश पुत्र सुंदर लाल निवासी गड़ी ककोड़ा थाना राजा का रामपुर ने घायल तीनों बेटियों के साथ जाकर आज एसएसपी एटा सुनील कुमार सिंह को शिकायती पत्र देते हुए गुहार लगाई कि हमारी तीनों पुत्रियां जब घर से बाहर जाती थी तो गांव के ही लोग रामपाल,शौरभ,रंजीत,सुबोध आये दिन छेड़ते हुए अश्लील बातेँ करते थे।

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जिसकी शिकायत हमने राजा का रामपुर थाने में लिखित में दी थी और पुलिस से कार्यवाही की मांग की थी। जिससे ये लोग रंजिश मान गए और 22 दिसंबर 2020 को हम अपनी बड़ी बेटी के लिए लड़का देखने फर्रुखाबाद गए थे। तभी मेरी बेटियों को अकेला देखकर ये लोग अवैध धारदार हथियारों व हथियारों से लैस होकर हमारे घर में घुस गये और गालियां देते हुए कहा कि इन तीनों को मुंह दिखाने लायक नही छोड़ेंगे और बेटी का दुपट्टा खींचकर नीचे गिरा लिया और कुकृत्य करने की कोशिश करने लगे तभी पास खड़ी दोनों बेटियों ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो सभी हमलावरों ने धारदार हथियारों से लहूलुहान कर दिया।

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घायल अवस्था मे पुलिस ने तीनों बेटियों को अलीगंज अस्पताल भेजा

घायल अवस्था मे पुलिस ने तीनों बेटियों को अलीगंज अस्पताल भेजा जहा उनकी हालत गंभीर देख हायर सेंटर भेज दिया,और हमारे 10 बर्षीय नावलिक बेटे से पुलिस ने खाली कागज पर नाम लिखवा लिया। विरोधियों से मिलकर हमलावरों के स्थान पर हमें भी मुकद्दमा दर्ज कर मुल्जिम बना दिया गया।समाचार लिखे जाने तक एसएसपी के आश्वासन के बाद सभी पीडित एसएसपी से न्याय मिलने की उम्मीद लेकर अपने घर वापस लौट गये हैं।

रिपोर्ट- सुनील मिश्रा

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