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हाथरस गैंगरेप: सियासी उठापटक के बाद अब कार्यवाही हुई तेज

बताया जा रहा है कि हाथरस पहुंची सीबीआई की टीम मंगलवार को घटनास्थल का दौरा कर सकती है। इससे पहले सीबीआई ने स्थानीय थाने से इस मामलें में अब तक की गई जांच से जुडे़ सभी दस्तावेज व वीडियों फुटेज हासिल कर लिए है।

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NewstrackBy Newstrack

Published on 13 Oct 2020 4:54 AM GMT

हाथरस गैंगरेप: सियासी उठापटक के बाद अब कार्यवाही हुई तेज
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हाथरस गैंगरेप: सियासी उठापटक के बाद अब कार्यवाही हुई तेज (social media)
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लखनऊ: तमाम धरना-प्रदर्शन और सियासी उठा पटक के बाद अब हाथरस गैंगरेप कांड में कार्यवाही में तेजी आ गई है। सोमवार को उच्च न्यायालय ने इस मामलें में सुनवाई की तो मामलें की जांच के लिए सीबीआई की टीम भी हाथरस पहुंच चुकी है। जबकि एसआईटी की जांच की समय अवधि भी महज चार दिन और बची है। 10 दिन के एक्सटेंशन के बाद 17 अक्टूबर को उसे अपनी जांच रिपोर्ट सरकार को सौंपनी है। इसके अलावा इस मामलें में 15 अक्टूबर को सर्वोच्च न्यायालय में भी सुनवाई होनी है। जिसमे यूपी सरकार परिवार की सुरक्षा के संबंध में न्यायालय को जानकारी देगा।

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हाथरस पहुंची सीबीआई की टीम मंगलवार को घटनास्थल का दौरा कर सकती है

इस बीच बताया जा रहा है कि हाथरस पहुंची सीबीआई की टीम मंगलवार को घटनास्थल का दौरा कर सकती है। इससे पहले सीबीआई ने स्थानीय थाने से इस मामलें में अब तक की गई जांच से जुडे़ सभी दस्तावेज व वीडियों फुटेज हासिल कर लिए है। इसके अलावा आज सीबीआई टीम इस मामलें से जुडे़ लोगों से पूछताछ भी कर सकती है।

इधर, इस मामलें में जांच कर रही एसआईटी को भी अपनी जांच रिपोर्ट 17 अक्टूबर को सौंपनी है। लिहाजा एसआईटी जांच भी पूरी होने के करीब ही हैै। सूत्रों केे मुताबिक एसआईटी जांच में करीब 80 गवाहों के बयान लिए गये, फोरेंसिक, आईटी एक्सपर्टों की सहायता और काल डिटेल समेत सभी पहलूओं की जांच के दौरान दुष्कर्म या सामूहिक दुष्कर्म का कोई सबूत नहीं मिला है और ये भी सामने आया है कि मुख्य आरोपी संदीप को छोड़ कर अन्य सभी आरोपी घटनास्थल पर मौजूद नहीं थे।

सूत्र बताते है कि एसआईटी जांच में पुलिस की चूक भी सामने लाते हुए कहा गया है कि 29 सितम्बर को पीड़िता की मौत होने पर पुलिस गांव में भीड़ इक्ट्ठा होने से नहीं रोक पाई। ज्यादा भीड़ जुटने पर ही प्रशासन को पीड़िता का अंतिम संस्कार करने का फैसला लेना पड़ा।

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उच्च न्यायालय में हुई सुनवाई के दौरान पीड़ित परिवार ने अपना बयान अदालत के सामने दर्ज कराया

बता दे कि हाथरस मामलें में बीते सोमवार को उच्च न्यायालय में हुई सुनवाई के दौरान पीड़ित परिवार ने अपना बयान अदालत के सामने दर्ज कराया, जिसमें आरोप लगाया कि स्थानीय प्रशासन ने बिना उनकी सहमति के जल्दबाजी में पीड़िता का अंतिम संस्कार कर दिया। पीड़िता के परिवार की वकील सीमा कुशवाहा के मुताबिक, न्यायालय ने इस दौरान सरकार के प्रतिनिधियों से सख्त सवाल पूछे जिनका उनके पास कोई जवाब नहीं था। परिवार की ओर से जो आरोप लगाए गए हैं, उन पर अब 02 नवंबर को बहस होगी।

मनीष श्रीवास्तव

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