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यूपी बोर्ड की परीक्षाएं मंगलवार से, 6 मार्च को होगी खत्म

यूपी बोर्ड की वर्ष 2020 की हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट की संस्थागत एवं व्यक्तिगत परीक्षायें 7,784 परीक्षा केन्द्रों पर एक साथ 18 फरवरी, से प्रारम्भ हो रही है।

Deepak Raj

Deepak RajBy Deepak Raj

Published on 17 Feb 2020 4:36 PM GMT

यूपी बोर्ड की परीक्षाएं मंगलवार से, 6 मार्च को होगी खत्म
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लखनऊ। यूपी बोर्ड की वर्ष 2020 की हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट की संस्थागत एवं व्यक्तिगत परीक्षायें 7,784 परीक्षा केन्द्रों पर एक साथ 18 फरवरी, से प्रारम्भ हो रही है। हाईस्कूल की परीक्षाएं कुल 12 दिनों में पूरी होकर आगामी 3 मार्च तथा इण्टरमीडिएट की परीक्षाएं कुल 15 दिनों में पूरी होकर 6 मार्च को खत्म होंगी।

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वर्ष 2017 से पहले इन परीक्षाओं को सम्पन्न कराने में एक माह से भी अधिक समय लगता था। वर्ष 2020 की बोर्ड परीक्षा में हाईस्कूल के 1660738 छात्र तथा 1361869 छात्राएं (कुल-3022607) एवं इण्टरमीडिएट के 1463390 छात्र तथा 1121121 छात्राएं (कुल-2584511) सम्मिलित होंगे।

2017 में यह संख्या 3,53,106 थी

हाईस्कूल एवं इण्टरमीडिएट परीक्षा में सम्मिलित हो रहे कुल 5607118 परीक्षार्थियों में से 5516787 संस्थागत एवं 90331 व्यक्तिगत् परीक्षार्थी हैं। कक्षा-9 व 11 के विद्यार्थियों का आधार नम्बर सहित ऑनलाइन अग्रिम पंजीकरण कराने से व्यक्तिगत परीक्षार्थी के रूप में पंजीकरण कराने वाले छात्र छात्राओं की संख्या वर्ष 2020 में मात्र 90,331 रह गयी, जबकि 2017 में यह संख्या 3,53,106 थी।

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इसके अन्तर्गत बाह्य प्रदेशों से 2017 में पंजीकरण कराने वाले 1,50,209 परीक्षार्थियों के स्थान पर वर्ष 2020 में बाह्य प्रदेशों के परीक्षार्थियों की संख्या मात्र 5946 रह गयी है। माध्यमिक शिक्षा विभाग ने नकल रोकने के लिए किये गये प्रयासों के कारण वर्ष 2018 में नकल के 3233 प्रकरण प्रकाश में आये जबकि वर्ष 2019 में मात्र 1182 प्रकरण ही सामने आये।

नकल रोकने की कड़ी व्यवस्था की गई है

इसी प्रकार वर्ष 2018 में 12.25 लाख किन्तु वर्ष 2019 में 6.69 लाख परीक्षार्थियों द्वारा परीक्षा छोड़ी गयी। वर्ष 2019 में स्क्रुटिनी के 2240 तथा मार्कशीट संशोधन के 1745 प्रकरण आये हैं। नकल रोकने की कड़ी व्यवस्था के चलते गत् वर्ष की तुलना में इस वर्ष 2020 की हाईस्कूल की परीक्षा में 1,69,980 तथा इण्टरमीडिएट की परीक्षा में 18,658 कुल 1,88,638 परीक्षार्थियों की कमी हुयी है।

बोर्ड परीक्षा को शुचितापूर्ण एवं नकलविहीन कराने के लिए राज्य स्तर व हर जिले पर कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर की स्थापना की गयी है। राज्य स्तरीय कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर में 60 कार्मिक एवं 60 कम्प्यूटर संस्थापित किये गये हैं, जिनसे प्रदेश के समस्त परीक्षा केन्द्रों एवं जनपद स्तरीय कन्ट्रोल एवम् मानीटरिंग सेंटर की लाइव मॉनीटरिंग की जायेगी।

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