Etah News: चार बेटों ने पिता को कांवड़ पर बैठाकर तीर्थयात्रा, डीएम-एसएसपी बोले- कलयुग के श्रवण कुमार
Etah News: एटा में चार बेटों ने पिता को कांवड़ पर बैठाकर तीर्थयात्रा कराई। डीएम और एसएसपी ने उन्हें कलयुग का श्रवण कुमार बताया।
Etah News(Photo-Social Media)
Etah News: श्रावण मास की कांवड़ यात्रा के बीच एटा में शुक्रवार को एक ऐसा भावुक और प्रेरणादायक दृश्य सामने आया, जिसने राहगीरों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। वृद्ध पिता की मनोकामना पूरी करने के लिए चार बेटे उन्हें विशेष रूप से तैयार की गई कांवड़ पर बैठाकर शिवधाम की ओर निकल पड़े। बेटों की सेवा और समर्पण देखकर जिलाधिकारी एटा अरविन्द सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एटा इलामारन जि ने भी उनकी सराहना की और उन्हें शुभकामनाएं दीं।
आज जिलाधिकारी और एसएसपी कांवड़ यात्रा मार्गों का भ्रमण करते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा और व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे थे। इसी दौरान रतीभानपुर से भैसूली होते हुए जलेसर जाने वाले मार्ग पर उन्हें यह अनोखी कांवड़ दिखाई दी। कांवड़ पर एक वृद्ध बैठे थे और उनके चार बेटे बारी-बारी से उसे अपने कंधों पर उठाकर आगे बढ़ रहे थे।
बताया गया कि जनपद आगरा के एत्मादपुर मदरा, डा. नगला सबल निवासी वयोवृद्ध गोदन सिंह की इच्छा भगवान शिव के जलाभिषेक की थी। पिता की इच्छा पूरी करने के लिए उनके चार पुत्र जयप्रकाश, किशन, टिंकू और बंटी ने विशेष कांवड़ तैयार कराई और पिता को उसमें बैठाकर शिव मंदिर तक ले जाने का संकल्प लिया।
डीएम और एसएसपी ने कुछ देर के लिए यात्रा रुकवाकर चारों भाइयों और उनके पिता से मुलाकात की। जिलाधिकारी अरविन्द सिंह ने बेटों की सेवा भावना की प्रशंसा करते हुए उन्हें आधुनिक युग का श्रवण कुमार बताया। उन्होंने कहा कि माता-पिता की सेवा और उनका सम्मान भारतीय संस्कृति की सबसे बड़ी विशेषताओं में शामिल है। एसएसपी इला मारन ने भी चारों भाइयों के समर्पण और संस्कारों की सराहना की तथा उनकी सुरक्षित और मंगलमय कांवड़ यात्रा की कामना की। अधिकारियों ने कहा कि ऐसे उदाहरण नई पीढ़ी को माता-पिता के प्रति जिम्मेदारी, सम्मान और सेवा की प्रेरणा देते हैं।