Meerut News: औघड़नाथ में अभेद्य सुरक्षा घेरा, 380 पुलिसकर्मी संभालेंगे मोर्चा
Meerut News: औघड़नाथ मंदिर में सुरक्षा कड़ी, 380 पुलिसकर्मी, ड्रोन और 20 CCTV कैमरों से निगरानी
Meerut Aghornath Temple News
Meerut News: सावन के अंतिम दौर में बाबा औघड़नाथ के जलाभिषेक के लिए उमड़ने वाली शिवभक्तों की भीड़ के बीच ऐतिहासिक औघड़नाथ मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था अभेद्य कर दी गई है। मंदिर परिसर और आसपास के इलाके में 380 पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों की तैनाती की गई है। सुरक्षा घेरे को मजबूत करने के लिए एक कंपनी PAC के साथ ATS, दो सशस्त्र QRT, डॉग स्क्वाड और ड्रोन टीम को भी मैदान में उतारा गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अविनाश पांडेय खुद सुरक्षा व्यवस्था की लगातार मॉनिटरिंग कर रहे हैं।
चप्पे-चप्पे पर पुलिस का पहरा
मंदिर के प्रवेश और निकास द्वार, कांवड़ मार्ग, पार्किंग तथा संवेदनशील स्थानों पर पुलिसकर्मियों की शिफ्टवार ड्यूटी लगाई गई है। महत्वपूर्ण स्थानों पर सशस्त्र मोर्चे बनाए गए हैं। किसी भी आकस्मिक स्थिति में तत्काल कार्रवाई के लिए अस्थायी थाना औघड़नाथ भी बनाया गया है।
ड्रोन आसमान में, कैमरे जमीन पर
सुरक्षा व्यवस्था केवल पुलिस बल तक सीमित नहीं है। मंदिर और आसपास के क्षेत्र में ड्रोन से हवाई निगरानी की जा रही है। 3 PTZ समेत कुल 20 आईपी कैमरों के जरिए मंदिर परिसर और आसपास के इलाके पर लगातार नजर रखी जा रही है। इन कैमरों को पुलिस लाइन स्थित ICCC से जोड़ा गया है, ताकि संदिग्ध गतिविधि सामने आते ही पुलिस को तत्काल सूचना मिल सके।
24 घंटे चेकिंग, संदिग्धों पर खास नजर
संवेदनशील स्थानों पर अस्थायी चेक पोस्ट बनाए गए हैं, जहां 24 घंटे पुलिस निगरानी और चेकिंग की जा रही है। संदिग्ध व्यक्ति, वाहन और वस्तुओं पर विशेष नजर रखी जा रही है। पुलिस अधिकारियों को किसी भी स्थिति में त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
फायर टैंकर, छह एंबुलेंस और मेडिकल कैंप तैयार
श्रद्धालुओं की सुरक्षा के साथ किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए मौके पर एक फायर टैंकर, छह एंबुलेंस और मेडिकल कैंप तैनात किया गया है। इनमें तीन ALS एंबुलेंस शामिल हैं। आसपास के अस्पतालों से भी समन्वय कर आपात स्थिति के लिए कुछ बेड आरक्षित कराए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर श्रद्धालुओं को तत्काल उपचार मिल सके।
एसएसपी खुद कर रहे मॉनिटरिंग
एसएसपी अविनाश पांडेय के निर्देशन में मंदिर परिसर, कांवड़ मार्ग, पार्किंग, प्रवेश-निकास द्वार और चेक पोस्ट की लगातार निगरानी की जा रही है। पुलिस अधिकारियों को मौके पर जाकर सुरक्षा इंतजामों का निरीक्षण करने और ड्यूटी पर तैनात जवानों को जरूरी दिशा-निर्देश देने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस का फोकस साफ है—जलाभिषेक के लिए आने वाले हर शिवभक्त को सुरक्षित माहौल मिले और किसी भी आपात स्थिति में पुलिस-प्रशासन तुरंत रिस्पॉन्स कर सके।