Sonbhadra News: फ्लाईओवर के नीचे हटाओ अभियान पर व्यापार संगठन का विरोध, आंदोलन की चेतावनी

Sonbhadra News: सोनभद्र में फ्लाईओवर के नीचे वर्षों से दुकान चला रहे गरीब दुकानदारों पर चल रहे हटाओ अभियान का व्यापार संगठन ने विरोध किया है। संगठन ने पुनर्वास की मांग करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है।

Update:2026-05-27 16:08 IST

Sonbhadra News(Photo-Social Media)

Sonbhadra News: सोनभद्र जिले के राबर्ट्सगंज नगर क्षेत्र में फ्लाईओवर के नीचे वर्षों से ठेला, खोमचा और छोटी दुकानों के सहारे परिवार पाल रहे गरीब दुकानदारों पर चल रहे हटाओ अभियान को लेकर अब विरोध तेज हो गया है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार संगठन ने प्रशासन की कार्रवाई पर कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा है कि बिना पुनर्वास गरीबों को उजाड़ना अन्यायपूर्ण और अमानवीय कदम होगा। संगठन के जिला अध्यक्ष कौशल शर्मा ने बुधवार को अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रमेश सिंह को ज्ञापन सौंपकर प्रशासन को चेताया कि यदि गरीब दुकानदारों को वैकल्पिक व्यवस्था दिए बिना हटाया गया तो संगठन लोकतांत्रिक आंदोलन करने को बाध्य होगा।

“गरीबों की थाली पर चल रहा बुलडोजर”

ज्ञापन में कहा गया कि फ्लाईओवर के नीचे दुकान लगाने वाले अधिकांश लोग आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं। वर्षों से यही छोटी दुकानें उनके परिवार की आजीविका का एकमात्र सहारा बनी हुई हैं। अचानक अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई से सैकड़ों परिवारों के सामने बेरोजगारी और भुखमरी का संकट खड़ा हो जाएगा। कौशल शर्मा ने यह भी कहा कि कई छोटे दुकानदार बैंक से ऋण लेकर अपना कारोबार चला रहे हैं। यदि दुकानें उजाड़ दी गईं तो उनका रोजगार खत्म हो जाएगा और वे बैंक का कर्ज भी नहीं चुका पाएंगे, जिससे उनका वित्तीय रिकॉर्ड भी खराब हो जाएगा।

पहले वेंडिंग जोन, फिर कार्रवाई की मांग

व्यापार संगठन ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार की स्ट्रीट वेंडर नीति के अनुसार पहले रेहड़ी-पटरी दुकानदारों के लिए वेंडिंग जोन बनाया जाना चाहिए, उनका सर्वे कराया जाना चाहिए और फिर उन्हें वैध स्थान आवंटित किया जाना चाहिए। संगठन ने प्रशासन से मांग की कि गरीब दुकानदारों को हटाने से पहले पुनर्वास की ठोस व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। “पहले पुनर्वास, फिर हटाओ” की नीति अपनाकर ही विकास और आजीविका के बीच संतुलन बनाया जा सकता है।

“कार्रवाई में भेदभाव नहीं होना चाहिए”

कौशल शर्मा ने कहा कि अतिक्रमण हटाने के नाम पर केवल गरीबों को निशाना बनाना उचित नहीं है। कार्रवाई सभी पर समान रूप से होनी चाहिए, चाहे कोई कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो। उन्होंने प्रशासन से मानवीय दृष्टिकोण अपनाने की अपील करते हुए कहा कि गरीबों को उजाड़ना किसी समस्या का समाधान नहीं है, बल्कि विकास योजनाओं के साथ उनके जीवन और रोजगार की सुरक्षा भी जरूरी है। ज्ञापन देने वालों में चंदन चौरसिया, राकेश प्रसाद, दिलीप कुमार, अजय कुमार, दयाराम सोनकर, राजा सोनकर, अनिल सोनकर, सुरेश, राजेश कुमार, विजेंद्र, तेजू, अजय कुमार शर्मा, रामजी केसरी, काशी प्रसाद, आफताब आलम समेत बड़ी संख्या में व्यापारी और दुकानदार शामिल रहे।

Tags:    

Similar News