×

चीन नहीं हटा पीछेः इसमें है गहरी साजिश, जो लाएगी बर्बादी ही बर्बादी

भारत और अमेरिका के इस दबाव से चीन बुरी तरह भड़का चिल्लाया और धमकी दी लेकिन जब उसकी सारी गीदड़ भभकियां खाली गईं तो उसने तीन कदम आगे बढ़कर एक कदम पीछे हटने का दांव खेला। लेकिन न तो भारत इस झांसे में आ रहा है न ही अमेरिका।

Newstrack
Published on: 7 July 2020 9:49 AM GMT
चीन नहीं हटा पीछेः इसमें है गहरी साजिश, जो लाएगी बर्बादी ही बर्बादी
X
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • koo
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • koo
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • koo

गलवान घाटी में चीन की सेना के पीछे हटने का सच। आखिर क्या वजह रही जिसके चलते चीन को अपने आगे बढ़े कदम पीछे खींचने पड़े हैं हालांकि वह अभी पूरी तरह से वापस नहीं हुआ है लेकिन अगर चीन की ये साजिश कामयाब हो गई तो होगी बर्बादी ही बर्बादी। अगर भारत ने अपनी सख्ती कम नहीं की और दक्षिण चीन सागर में जापान के पास अमेरिका ने अपने युद्धपोत और फ्रिगेट को तैनात रख कर दबाव बनाए रखा तो चीन की पोल खुल जाएगी और हर हाल में इस देश को अपने खोल में वापस जाना ही होगा।

भारत झांसे में नहीं आने वाला

भारत इस बार किसी मुगालते या चीन के झांसे में आने के मूड में नहीं है भारत-चीन सीमा पर हेलिकॉप्टर अपाचे समेत तमाम लड़ाकू विमान उड़ान भर रहे हैं। ये सभी चीन की तरफ से होने वाली किसी भी हरकत पर निगरानी रख रहे हैं।

देश की सेना चीन सीमा के पास डटी हुई है। वायु सेना लगातार हैरतअंगेज अभ्यास चीन के पसीने छुड़ाए हुए है। भारतीय सेनाओं को मौके पर कोई भी कदम उठाने की पूरी छूट दी गई है। चिनूक हेलिकॉप्टर भी वायुसेना के अभ्यास में शामिल है।

उधर लेह के आसमान में मल्टी रोल कॉम्बैट, मिराज-2000, सुखोई-30 और जगुआर मिग-29 विमानों ने झंडे गाड़ रखे हैं। इतना ही नहीं सेना की सहूलियत के लिए क्षेत्र में निर्माण कार्य भी कराए जा रहे हैं।

NSA अजीत डोभाल ने चीन से ऐसा क्या कहा, LAC से तुरंत हटना पड़ा पीछे

आपको बता दें की अपाचे विमान की मारक क्षमता अचूक होती है, इसका डिजाइन ऐसा बनाया गया है कि ये रडार की पकड़ में नहीं आ पाता है। ये 280 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से आकाश में हवा हो जाता है इसके अलावा ये एंटी टैंक मिसाइल छोड़ने की क्षमता भी रखता है। ये बिना रुके करीब तीन घंटे तक लगातार उड़ान भर सकता है।

अमेरिका के आने से बढ़ा भय

उधर चीन को सबक सिखाने के लिए दक्षिण चीन सागर में अमेरिकी नौसेना भी जोरदार शक्ति प्रदर्शन कर रही है। अमेरिका ने यहां अपने युद्धपोत लगा दिये हैं। बमवर्षक विमानों सहित फाइटर जेट लगातार उड़ान भर रहे हैं। यहां युद्धाभ्यास में यूएस नेवी के परमाणु युद्धपोत निमित्ज और रोनाल्ड रीगन जैसे बड़े एयरक्राफ्ट कैरियर भी हिस्सा ले रहे हैं।

तिलमिला उठा चीन: भारत को दे रहा ये धमकी, लेकिन बीच में आया ये शक्तिशाली देश

भारत और अमेरिका के इस दबाव से चीन बुरी तरह भड़का चिल्लाया और धमकी दी लेकिन जब उसकी सारी गीदड़ भभकियां खाली गईं तो उसने तीन कदम आगे बढ़कर एक कदम पीछे हटने का दांव खेला। लेकिन न तो भारत इस झांसे में आ रहा है न ही अमेरिका।

इसके अलावा भारत के करारे वार से उसकी अर्थव्यवस्था लगातार गड्ढे में जा रही है। चीन के पास अब वापस लौट जाने के अलावा कोई विकल्प नहीं है। उसे वापस जाना ही होगा।

Newstrack

Newstrack

Next Story