अब ये सरकार सीता माता के अपहरण की कराएगी जांच, जानिए क्या है मामला

यूपी के अयोध्या में भगवान राम के मंदिर को लेकर चल रही बहस के बीच अब मध्य प्रदेश की सियासत में सीता मंदिर को लेकर बहस शुरू हो गई है। मध्यप्रदेश में इन दिनों कांग्रेस और बेजीपी के नेताओं में सीता माता मंदिर बनाने के लेकर जुबानी जंग झिड़ी हुई है।

भोपाल: यूपी के अयोध्या में भगवान राम के मंदिर को लेकर चल रही बहस के बीच अब मध्य प्रदेश की सियासत में सीता मंदिर को लेकर बहस शुरू हो गई है। मध्यप्रदेश में इन दिनों कांग्रेस और बेजीपी के नेताओं में सीता माता मंदिर बनाने के लेकर जुबानी जंग झिड़ी हुई है।

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इसी के चलते मध्यप्रदेश में श्रीलंका में सीता मंदिर बनाने के मुद्दे को लेकर कांग्रेस नेता पीसी शर्मा ने भी मुद्दे को उठाया है। पीसी शर्मा ने कहा कि कहा कि कमलनाथ सरकार एक अधिकारी को श्रीलंका भेजकर इसकी जांच कराएगी कि वहां मंदिर बनाया जाना चाहिए या नहीं।

बता दें कि राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने कार्यकाल के दौरान साल 2010 में श्रीलंका में मां सीता का मंदिर बनाने की घोषणा की थी। घोषणा के मुताबिक रावण ने श्रीलंका में जिस स्थान पर मां सीता को रखा था, वहां उनका मंदिर बनाने की बात कही गई थी।

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पूर्व मुख्यमंत्री एवं बीजेपी नेता शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सारा देश और दुनिया जानती है कि सीता जी को श्रीलंका की अशोक वाटिका में रखा गया था। यह करोड़ों हिंदुओं की आस्था और विश्वास से जुड़ा मामला है। लेकिन प्रदेश सरकार इस तथ्य की जांच की बात कह रही है कि सीताजी लंका गई भी थीं या नहीं। यह करोड़ों हिंदुओं की आस्था पर कुठाराघात है, उनका अपमान है। किसी सरकार को कोई अधिकार नहीं है कि वह लोगों की आस्थाओं पर चोट करे।