अर्थव्यवस्था पर PM मोदी की अहम बैठक, इन मुद्दों पर हुई चर्चा, दिए ये निर्देश

कोरोना संकट से निपटने के लिए देश में सरकार ने लाॅकडाउन लागू किया है। कोरोना वायरस महामारी से संकट के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को अहम बैठक की।

नई दिल्ली: कोरोना संकट से निपटने के लिए देश में सरकार ने लाॅकडाउन लागू किया है। कोरोना वायरस महामारी से संकट के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को अहम बैठक की। प्रधानमंत्री अधिकारियों से कहा कि वे सभी उपभोक्ताओं को बिजली की लगातार आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में काम करें।

प्रधानमंत्री मोदी लगातार सभी विभागों और मंत्रालयों के साथ बैठक कर रहे हैं और सुनिश्चित करने में लगे हैं कि लोगों को किसी तरह की परेशानी ना हो। साथ ही लॉकडाउन के बाद हर सेक्टर का भविष्य कैसे बेहतर किया जाए और भारत कैसे आत्मनिर्भर बन सके, इसको लेकर प्रभावी रणनीति पर अभी से तेजी से काम हो रहा है।

यह भी पढ़ें…श्रमिक स्पेशल ट्रेन: आप भी घर जाने की कर रहे हैं तैयारी, तो जान लें ये जरूरी बातें

प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई इस बैठक में निर्णय लिया गया कि भारतीय हवाई क्षेत्र का प्रभावी ढंग से इस्तेमाल हो ताकि यात्रियों के लिये उड़ान का समय कम हो और विमानन कंपनियों की लागत में भी कमी आये। इस व्यापक बैठक के बाद जारी आधिकारिक बयान में कहा गया कि यह सैन्य मामलों के विभाग के साथ करीबी सहयोग के साथ किया जायेगा

यह भी पढ़ें…जानिए देश के किन रूटों पर चलेंगी श्रमिक स्पेशल ट्रेनें, क्या हैं शर्तें

आधिकारिक बयान के मुताबिक अधिक राजस्व के साथ-साथ हवाई अड्डों पर अधिक दक्षता लाने के लिये, नागरिक उड्डयन मंत्रालय को तीन महीनों के भीतर निविदा प्रक्रिया शुरू करके पीपीपी आधार पर छह और हवाई अड्डों को सौंपने की प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा गया।

इस बैठक में गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी और बिजली राज्य मंत्री तथा अन्य लोगों ने हिस्सा लिया। बैठक में ई-डीजीसीए परियोजना की समीक्षा भी की गयी, जिसका उद्देश्य डीजीसीए के कार्यालय में अधिक पारदर्शिता लाना और विभिन्न लाइसेंस व अनुमति के लिये लगने वाले समय को कम कर सभी हितधारकों की सहायता करना है।

बयान के मुताबिक यह भी निर्णय हुआ कि नागरिक उड्डयन मंत्रालय और इसके तहत आने वाले संगठनों की सभी सुधार पहलें समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ें। लोक उड्डयन क्षेत्र को कोरोनो वायरस महामारी की मार झेलनी पड़ रही है जिसकी वजह से दुनिया भर की सरकारों को लोगों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगाने तथा उड़ानों को बंद करने पर मजबूर होना पड़ा है।

यह भी पढ़ें…यहां खुलेंगी शराब की दुकानें, इन नियमों का करना होगा सभी को पालन

इसके अलावा उन्होंने बिजली क्षेत्र और कोविड-19 के उस पर असर के बारे में आयोजित एक बैठक में विभिन्न दीर्घकालिक सुधारों पर भी चर्चा की। इन सुधारों में क्षेत्र की स्थिरता, लचीलापन और कार्यकुशलता बढ़ाने के उपाय शामिल हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने में बिजली क्षेत्र के महत्व को रेखांकित किया। इस बैठक में निजी निवेश को आकर्षित करने के उपायों पर भी चर्चा की गई।

यह भी पढ़ें…अगले दो साल तक बनी रहेगी कोरोना महामारी, शीर्ष संस्थानों के वैज्ञानिकों की चेतावनी

बयान में बताया गया है कि बैठक के दौरान वितरण कंपनियों की स्थिति में सुधार के उपायों पर भी चर्चा हुई। इन उपायों में दरों को तर्कसंगत बनाने और समय से सब्सिडी जारी करने के साथ ही कामकाज में सुधार शामिल है।

इस बैठक में कामकाज को सुगम बनाने, नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने, कोयले की आपूर्ति में लचीलापन लाने, सार्वजनिक-निजी भागीदारी की भूमिका और बिजली क्षेत्र में निवेश को बढ़ाने के उपायों पर भी विचार हुआ।

न्यूजट्रैक के नए ऐप से खुद को रक्खें लेटेस्ट खबरों से अपडेटेड । हमारा ऐप एंड्राइड प्लेस्टोर से डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें - Newstrack App