बहुत बड़ी खबर! तो अगले महीन एमपी में होंगे 85 हजार कोरोना मरीज

दरअसल मध्य प्रदेश में बड़ी संख्या में महाराष्ट्र से कामगार आ रहे हैं ये लोग या तो आगे के राज्यों को जा रहे हैं या फिर मध्य प्रदेश के ही अलग अलग जिलों में अपने गाँव लौट रहे हैं। अंदेशा है कि इन प्रवासियों से भी कोरोना के मामलों में बढ़ोतरी हो सकती है।

भोपाल। ऑल इंडिया इंस्टिट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंस, दिल्ली ने पूरे भारत में कोरोना वायरस का पूर्वानुमान जारी किया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन और एम्स  के बाद मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग ने अनुमान लगाया है कि अगले एक महीने में मध्यप्रदेश में एक्टिव कोरोनावायरस मरीजों की संख्या 85,000 तक हो सकती है। 14 मई 2020 तक मध्य प्रदेश में कोरोना के एक्टिव केस की संख्या 2018 थी।

… तो जून के मध्य में भारत में सबसे ज्यादा होंगे कोरोना मरीज

एम्स दिल्ली के डायरेक्टर डॉ. रणदीप गुलेरिया ने आशंका जताई है कि 15 से 20 जून के बीच कोरोना मरीजों की संख्या भारत में सबसे ज्यादा होगी। विश्व स्वास्थ्य संगठन भी पिछले सप्ताह मरीजों की संख्या बढ़ने की आशंका जता चुका है। इसी आधार पर मप्र में स्वास्थ्य विभाग ने अनुमान लगाया है कि करीब 85 हजार मरीज पूरे प्रदेश में 20 जून तक हो सकते हैं। शासन ने सभी जिलों के कलेक्टरों को इसके लिए पहले से तैयारियां करके रखने के लिए कहा है।

सभी जिलों को तैयार रहने के निर्देश

मध्य प्रदेश के सभी जिलों को जरूरत के अनुसार तैयार रहने के लिए नेशनल हेल्थ मिशन (एनएचएम ) की एमडी स्वाती मीणा नायक ने कलेक्टरों को पत्र लिखा है। इसमें आईसोलेशन बेड, आईसीयू बेड तैयार रखने, अतिरिक्त मेडिकल ऑफिसर्स, स्टाफ नर्स व वार्ड ब्वॉय की व्यवस्था करने, निजी अस्पतालों की मदद लेने को कहा गया है। जिला स्वास्थ्य समितियां तीन महीने के लिए डॉक्टर, नर्स व अन्य स्टाफ की भर्ती कर सकेंगी।

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दरअसल मध्य प्रदेश में बड़ी संख्या में महाराष्ट्र से कामगार आ रहे हैं ये लोग या तो आगे के राज्यों को जा रहे हैं या फिर मध्य प्रदेश के ही अलग अलग जिलों में अपने गाँव लौट रहे हैं। अंदेशा है कि इन प्रवासियों से भी कोरोना के मामलों में बढ़ोतरी हो सकती है। वैसे तो बार्डर पर थर्मल स्क्रीनिंग हो रही है लेकिन चूक की भी गुंजाइश बनी रहती है।