अपनों का नहीं पाकिस्तान! तंग आकर पाक विधायक ने भारत से मांगी ये मदद

पाकिस्तान से अल्पसंख्यकों से हिंसा का मामला सामने आया है। ये मामला पाकिस्तान के पीएम इमरान खान की पार्टी के विधायक रह चुके बलदेव कुमार का है।

Published by Shreya Published: September 10, 2019 | 10:38 am
Modified: September 10, 2019 | 10:42 am
अपनों का नहीं पाकिस्तान! तंग आकर पाक विधायक ने भारत से मांगी ये मदद

पंजाब: पाकिस्तान से अल्पसंख्यकों से हिंसा का मामला सामने आया है। ये मामला पाकिस्तान के पीएम इमरान खान की पार्टी के विधायक रह चुके बलदेव कुमार का है। बलदेव कुमार इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के पूर्व विधायक रह चुके हैं और इस घटना के बाद उन्हें अपने परिवार सहित जान बचाकर भारत में शरण लेना पड़ा। बलदेव कुमार ने यहां भारत में राजनीतिक शरण की मांग की है।

पाकिस्तान में हो रहा अल्पसंख्यकों पर अत्याचार- बलदेव सिंह

बता दें कि बलदेव कुमार बारीकोट में आरक्षित सीट से खैबर पख्तूनवां विधानसभा में विधायक रह चुके हैं। बलदेव के मुताबिक पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ अत्याचार हो रहे हैं। वहां पर हिंदू और सिख नेताओं की हत्याएं हो रही हैं। इस वजह से वो भारत में जल्द ही शरण के लिए आवेदन करेंगे।

यह भी पढ़ें: बाबरी विध्वंस मामले में घिरे ये नेता, CBI ने की कोर्ट से ये अपील

अगस्त में 3 महीने के वीजेे पर आए भारत-

बलदेव कुमार अपने परिवार को कुछ महीने पहले ही भारत में पंजाब के लुधियाना में अपने रिश्तेदारों के घर भेज चुके हैं। बलदेव कुमार खुद भी 12 अगस्त को 3 महीने के वीजे पर यहां आए थे। लेकिन अब बलदेव कुमार भारत से वापस नहीं लौटना चाहते हैं। उन्होंने बताया कि उनके विधानसभा क्षेत्र के विधायक की साल 2016 में हत्या हो गई थी। इस हत्या के मामले में उन झूठे आरोप लगा और उन्हें दो साल तक जेल में रखा गया था।

केवल 36 घंटे रहे थे विधायक-

बलदेव कुमार पिछले साल 2018 में इस मामले में बरी हो चुके हैं। पाकिस्तानी कानून के तहत अगर किसी विधायक की मौत हो जाए तो इस पार्टी के दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार को विधायक बनाया जाता है। विधायक के मौत के इल्जाम लगने के बाद, बलदेव को जेल भेज दिया गया और बलदेव कुमार के विधानसभा कार्यकाल के समाप्त होने के दो दिन पहले ही उन्हें इस हत्या के मामले में बरी किया गया था। ऐसे में बलदेव कुमार केवल 36 घंटे के लिए शपथ लेकर वहां पर विधायक बने।

अल्पसंख्यक दहशत में रहने को मजबूर-

उनके मुताबिक, पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के लिए दहशत का माहौल है और वो इसमें रहने को मजबूर हैं। बलदेव कुमार की शादी भारत में पंजाब के खन्ना की रहने वाली भावना से हुई थी। उनकी पत्नी अभी भारतीय नागरिक हैं। दोनों के दो बच्चे हैं 11 साल की रिया और 10 साल का सैम, दोनों बच्चे पाकिस्तानी नागरिक हैं। बेटी रिया थैलेसीमिया से पीड़ित है और उसका इलाज चल रहा है।

यह भी पढ़ें: पाक की ‘नापाक’ हरकत, भारत को दहलाने के लिए रच रहा खौफनाक साजिश