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यूपी बोर्ड: यहां पहले दिन ही नहीं शुरू हो पाया इंटरमीडिएट की कापियों का मूल्यांकन

माध्यमिक शिक्षा परिषद प्रयागराज बोर्ड परीक्षाओं की उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन का समय सोमवार से शुरू हो गया। कन्नौज में पहले दिन इंटरमीडिएट की कॉपियां नहीं जांची जा सकी।

Aditya Mishra

Aditya MishraBy Aditya Mishra

Published on 16 March 2020 2:42 PM GMT

यूपी बोर्ड: यहां पहले दिन ही नहीं शुरू हो पाया इंटरमीडिएट की कापियों का मूल्यांकन
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कन्नौज: माध्यमिक शिक्षा परिषद प्रयागराज बोर्ड परीक्षाओं की उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन का समय सोमवार से शुरू हो गया। कन्नौज में पहले दिन इंटरमीडिएट की कॉपियां नहीं जांची जा सकी।

हाईस्कूल के नौ विषयों की 3975 कॉपियों का मूल्यांकन किया गया। दोनों केंद्रों पर कई परीक्षक गैरहाजिर भी रहे। शहर के हाईस्कूल की कॉपियों के मूल्यांकन केंद्र एसबीएस इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य/उप नियंत्रक एमसी पाल ने बताया कि पहले दिन उनके यहां नौ विषयों की 3975 कॉपियां चेक हुईं।

सोमवार को 55 डीएचई (उप प्रधान परीक्षक) और 210 सहायक परीक्षक आए थे। इंटरमीडिएट की उत्तरपुस्तिकाओं वाले मूल्यांकन केंद्र केके इंटर कॉलेज प्रधानाचार्य/उप नियंत्रक बीके श्रीवास्तव ने बताया कि पहले दिन उनके यहां एक भी कॉपी नहीं चेक हुई। लिफाफों का वितरण किया गया। इसमें बोर्ड से सम्बंधित प्रपत्र क, ख आदि रहते हैं।

सम्बंधित उप प्रधान परीक्षक का विवरण भी होता है। यहां 40 डीएचई और 145 सहायक परीक्षक आए थे। उप नियंत्रक ने बताया जो नहीं आए हैं, उनके बीच के वरिष्ठ शिक्षक को डीएचई बना दिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि डीआईओएस की बैठक के दौरान दोपहर के ढाई बज गया था, उसके बाद मूल्यांकन का समय कम था। 17 मार्च से कॉपियां जांची जाएंगी।

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केंद्रों पर साबुन व हैंडवाश मंगवाए

उप नियंत्रक एमसी पाल ने बताया कि स्वास्थ्य महकमे की ओर से उनके केंद्र पर स्प्रे कराया गया। साबुन व हैंडवाश खुद उन्होंने मंगवाया है। कोरोना वायरस को लेकर सावधानी बरतने को कहा गया है। उप नियंत्रक बीके श्रीवास्तव ने बताया कि उनके यहां कोई छिड़काव या स्प्रे नहीं हुआ है। पाउडर, साबुन रखवा दिया है। मास्क व सेनिटाइजर नहीं मिला है।

मूल्यांकन से पहले शिक्षकों को मिला ज्ञान

मूल्यांकन कार्य शुरू होने से पहले एसबीएस इंटर कॉलेज में डीआईओएस राजेंद्र बाबू ने डिप्टी हेड व सहायक परीक्षक को आपसी सामंजस्य बिठाकर मूल्यांकन कार्य करने को कहा। साथ ही शाम को सही से ओएमआर शीट व अन्य प्रपत्र जमा करने व सहयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने परीक्षकों से समस्याएं भी जानने की कोशिश की।

उप नियंत्रक ने बताया कि मूल्यांकन केंद्र पर मोबाइल लाना वर्जित है। बाहरी लोगों के प्रवेश पर पाबंदी है। अगर परीक्षार्थी ने उत्तर के साथ ही कहीं पर कुछ गलत लिखा है तो परीक्षक ईष्र्या में सही उत्तर को काटेंगे नहीं।

मूल्यांकन से पहले कॉपियों को सही ढंग से पढने को कहा गया। निष्ठा पूर्वक मूल्यांकन कार्य करने के निर्देश दिए गए। परीक्षक को 40 से 50 कॉपियां मिलेंगी सहायक परीक्षक को मूल्यांकन के लिए 40-50 उत्तरपुस्तिकाएं ही मिलेंगी।

डिप्टी हेड एग्जामनर को बोर्ड परीक्षा की 20 कॉपियां ही दी जाएंगी। मूल्यांकन के दौरान नंबरों का मिलान भी किया जाएगा। उप नियंत्रक एमसी पाल ने बताया कि शब्दों व अंको दोनों में नंबर चढ़ाने होंगे।

परीक्षक अपने-अपने हस्ताक्षर दो जगह करेंगे। ओएमआर शीट पर कटिंग न करने और व्हाइटनर प्रयोग वर्जित होने की बात कही गई। समय से कोठार में कॉपियां रखने व मूल्यांकन के दौरान परीक्षकों के बाहर जाने पर पाबंदी बताई गई है।

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हॉल में हो रही थी बैठक, बाहर घूम रहे थे परीक्षक

डीआईओएस राजेंद्र बाबू ने कॉपियों का मूल्यांकन शुरू होने से पहले बैठक की। उसमें बोर्ड के नियमों की जानकारी व बारीकियां बताईं। एसबीएस इंटर कॉलेज के ऊपर हिस्से में बने हॉल में सोमवार को वह निर्देश व जानकारी दे रहे थे तो कई शिक्षक नीचे व बाहर घूम रहे थे।

शिक्षकों ने बताया कि हाल में जगह कम थी और परीक्षकों की संख्या अधिक। बैठने की जगह न होने की वजह से वह बाहर हैं। कुछ ने वही पुराने निर्देशों का हवाला बताकर बैठक में शामिल न होने की बात कही।

मूल्यांकन से सैकड़ों परीक्षक नदारद

केके इंटर कॉलेज में मूल्यांकन के लिए 65 डिप्टी हेड व 586 सहायक परीक्षक लगाए गए हैं। पहले दिन 20 डीएचई और 441 सहायक परीक्षक नदारद रहे। एसबीएस कॉलेज में 109 डिप्टी हेड परीक्षक व 1097 परीक्षक लगाए गए हैं। यहां 54 डिप्टी हेड परीक्षक और 887 सहायक परीक्षक नहीं आए।

Aditya Mishra

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