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विनियोग विधेयक पारित होने के बाद UP विधानसभा अनिश्चितकाल के लिए स्थगित

विपक्ष का कहना था कि जब आज की बैठक में संपूर्ण बजट पारित हो गया है और दलीय नेताओं द्वारा नेता सदन और संसदीय कार्यमंत्री के प्रति आभार जताया जा चुका है तब इस तरह का विधेयक लाए जाने का कोई औचित्य नहीं है।

Dharmendra kumar

Dharmendra kumarBy Dharmendra kumar

Published on 4 March 2021 10:11 AM GMT

विनियोग विधेयक पारित होने के बाद UP विधानसभा अनिश्चितकाल के लिए स्थगित
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बजट सत्र के अंतिम दिन उप्र निरसन विधेयक 2021 को बिना किसी पूर्व निर्धारित कार्यसूची में लाए जाने के विरोध में संपूर्ण विपक्ष ने सदन से वाकआउट किया।
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लखनऊ: यूपी विधानसभा का बजट सत्र आज से अनिश्चितकाल के लिए स्थगित हो गया। सत्र समय से पूर्व स्थगित होने को लेकर विपक्षी सदस्य असतुष्ट दिखे जिसके बाद उन्हेांने सदन का वाकआउट किया। बजट सत्र के अंतिम दिन शोरशराबे केे बीच विनियोग विधेयक 2021 पारित कर दिया गया। इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष हदयनारायण दीक्षित ने विधानसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी।

बजट सत्र के अंतिम दिन उप्र निरसन विधेयक 2021 को बिना किसी पूर्व निर्धारित कार्यसूची में लाए जाने के विरोध में संपूर्ण विपक्ष ने सदन से वाकआउट किया। विपक्ष का कहना था कि जब आज की बैठक में संपूर्ण बजट पारित हो गया है और दलीय नेताओं द्वारा नेता सदन और संसदीय कार्यमंत्री के प्रति आभार जताया जा चुका है तब इस तरह का विधेयक लाए जाने का कोई औचित्य नहीं है।

विधेयक लाए जाने पर विपक्ष ने जताया विरोध

संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना द्वारा उक्त आशय का विधेयक लाए जाने पर सबसे पहले नेता प्रतिपक्ष रामबगोबिन्द चैधरी, बसपा के लालजी वर्मा और कांग्रेस की आराधना मिश्रा ने विरोध दर्ज कराया। इसके बावजूद संसदीय कार्यमंत्री सुरेश कुमार खन्ना सत्र के अंतिम दिन इस विधेयक को पारित कराए जाने की मांग कर रहे थे। उनकी इस मांग को संपूर्ण विपक्ष ने अलोकतांत्रिक और गैरकानूनी बताया। इसके विरोध में तीनों दलों ने बारी-बारी से वाकआउट किया।

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विपक्ष के वाकआउट के बाद संसदीय कार्यमंत्री ने उक्त विधेयक पटल पर रखा। जिसे ध्वनिमत से पारित कर दिया गया। विपक्ष के सदस्यों का आरोप था कि इस सत्र के अंतिम दिन जो आचरण दिखा वह मर्यादा के खिलाफ था। इससे पूर्व सदन में शोर-शराबे के बीच सरकार ने साढ़े पांच लाख करोड़ का बजट बिना चर्चा के ही मात्र दो मिनट में पारित करा दिया।

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विपक्ष ने किया जोरदार हंगामा

बजट पास करने और सत्र निर्धारित समय से पहले खत्म करने के मुद्दे पर विपक्ष ने जोरदार हंगामा किया। नेता प्रतिपक्ष ने संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना के बजट पास कराने और सदन की बैठक समाप्त करने के प्रस्ताव का विरोध किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सदन से वाकआउट कर गए। वहीं बसपा व कांग्रेस के सदस्यों ने भी सदन 10 मार्च तक चलाने की मांग करते हुए विरोध स्वरूप वाकआउट कर दिया।

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सदन की कार्यवाही शुरू होते ही संसदीय कार्यमंत्री सुरेश खन्ना ने प्रस्ताव किया कि बजट पास करवा दिया जाए। साथ ही अन्य विभागवार मदें भी पारित कर दी जाएं। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव होने हैं और आरक्षण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। ऐसे में विधायकों को आपत्तियां भी करनी होंगी। लिहाजा उन्हें अपने क्षेत्र में रहना जरूरी है। इसलिए सदन की कार्यवाही को गुरुवार को ही समाप्त किया जाए। उन्होंने कहा कि अनुदान मांगों और अन्य मदों पर आज ही विचार कर पारित किया जाए।

रिपोर्ट: श्रीधर अग्निहोत्री

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