क्या खत्म हो गई तेज प्रताप-तेजस्वी की नाराजगी? जेल से रिहा होते ही राबड़ी आवास पर मिले लालू के दोनों लाल
Tej Pratap Meets Tejashwi Yadav: बेऊर जेल से रिहा होने के बाद तेज प्रताप यादव सीधे राबड़ी देवी के आवास पहुंचे, जहां उनकी मुलाकात तेजस्वी यादव से हुई। इस मुलाकात के बाद दोनों भाइयों के बीच लंबे समय से चली आ रही नाराजगी खत्म होने की अटकलें तेज हो गई हैं।
Tej Pratap Meets Tejashwi Yadav: बिहार की राजनीति में मंगलवार शाम एक बड़ा मोड़ देखने को मिला, जब जनशक्ति जनता दल (JJD) के प्रमुख तेज प्रताप यादव बेऊर जेल से रिहा होते ही सीधे अपने परिवार के पास पहुंचे। 25 जुलाई को छात्र प्रदर्शन के दौरान पटना पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जाने के बाद से वे सलाखों के पीछे थे। जेल के बाहर जमा समर्थकों का आभार जताते हुए वे सीधे कौटिल्य नगर स्थित अपनी माता राबड़ी देवी के निजी आवास पहुंचे। वहां पहले से मौजूद उनके छोटे भाई और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव से उनकी भावुक मुलाकात हुई।
तेजस्वी के आक्रामक तेवर
बड़े भाई की गिरफ्तारी के तुरंत बाद तेजस्वी यादव काफी हमलावर रुख में नजर आए थे। उन्होंने सत्ताधारी एनडीए सरकार पर जमकर निशाना साधा था और स्पष्ट चेतावनी दी थी कि यदि तेज प्रताप को तुरंत रिहा नहीं किया गया, तो वे पूरे राज्य में व्यापक जन-आंदोलन खड़ा कर देंगे। तेजस्वी की इस राजनीतिक घेराबंदी और दबाव के बीच मंगलवार को तेज प्रताप की रिहाई संभव हो सकी।
लालू के लालों के बीच घटने लगीं कड़वाहटें?
इस ताजा घटनाक्रम ने बिहार के राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है। लोग अब सवाल उठाने लगे हैं कि क्या लालू प्रसाद यादव के दोनों वारिसों के बीच पुरानी दूरियां अब खत्म हो रही हैं? एक समय था जब निजी जीवन से जुड़े विवाद के बाद लालू यादव ने तेज प्रताप को परिवार और पार्टी से अलग कर दिया था। इसके बाद तेज प्रताप ने अपनी अलग पार्टी बना ली थी और तेजस्वी के करीबी सलाहकारों पर साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें 'जयचंद' तक कह दिया था। लेकिन अब संकट के समय दोनों भाइयों का साथ आना नए संकेत दे रहा है।
लगभग 2 महीने बाद हुई दोनों भाइयों की मुलाकात
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, दोनों भाइयों के बीच आमने-सामने बातचीत करीब 2 महीने के लंबे अंतराल के बाद हुई है। इससे पहले 27 मई को गाजियाबाद में तेजस्वी के बेटे इराज यादव के पहले जन्मदिन के मौके पर पूरा परिवार एक साथ नजर आया था, जहां तेज प्रताप भी अपने भतीजे को स्नेह देने पहुंचे थे। अब बेऊर जेल से रिहा होने के तुरंत बाद कौटिल्य नगर में हुई इस मुलाकात ने साफ कर दिया है कि पारिवारिक रिश्तों की गर्माहट फिर से लौटने लगी है।
आगे क्या होगी लालू परिवार की राजनीतिक रणनीति?
वर्तमान में राबड़ी देवी कौटिल्य नगर स्थित अपने निजी बंगले में निवास कर रही हैं, क्योंकि 10 सर्कुलर रोड वाला सरकारी आवास खाली कराया जा चुका है। 39 हार्डिंग रोड वाले नए आवास में अभी शिफ्टिंग बाकी है। ऐसे में एक ही छत के नीचे मां के सामने हुई दोनों भाइयों की इस गुप्त बातचीत के क्या सियासी मायने निकलते हैं, इस पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। क्या यह केवल एक पारिवारिक मुलाकात थी या फिर बिहार की राजनीति में किसी नए बड़े गठजोड़ की शुरुआत, यह आने वाला वक्त ही बताएगा।