आईएमएफ प्रमुख क्रिस्टालिना जॉर्जीवा का बयान, भारत की आर्थिक सुस्ती अस्थाई

आर्थिक सुस्‍ती की वजह से आलोचना झेल रही केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष (आईएमएफ) की प्रमुख क्रिस्टालिना जॉर्जीवा के ताजा बयान से…

नई दिल्ली।  आर्थिक सुस्‍ती की वजह से आलोचना झेल रही केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष (आईएमएफ) की प्रमुख क्रिस्टालिना जॉर्जीवा के ताजा बयान से थोड़ी राहत मिलेगी।

ये भी पढ़ें-मोदी सरकार ने शरद पवार को दिया तगड़ा झटका, हिल गई एनसीपी-शिवसेना

दरअसल, क्रिस्टालिना जॉर्जीवा ने कहा है कि भारत में आर्थिक सुस्ती अस्थायी है और आने वाले समय में इसमें सुधार की उम्मीद है। जॉर्जीवा ने विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) 2020 में ये बात कही। जॉर्जीवा ने उभरते बाजारों का जिक्र करते हुए कहा कि ये आगे बढ़ रहे हैं।

भारत एक बड़ा बाजार है लेकिन जल्दी उबरेगा

उन्होंने कहा, ‘‘हमने एक बड़े बाजार भारत में गिरावट देखी है, लेकिन हमारा मानना है कि यह अस्थाई है। हमें आने वाले समय में गति बढ़ने का अनुमान है। इंडोनेशिया और वियतनाम जैसे कुछ अन्य बेहतर बाजार भी हैं।’’

ये भी पढ़ें-झारखंड विकास मोर्चा (प्रजातांत्रिक) नेता अभय सिंह ने हेमंत सोरेन की सरकार से समर्थन लिया वापस

जॉर्जीवा के मुताबिक कई अफ्रीकी देश भी अच्छा कर रहे हैं, लेकिन मैक्सिको जैसे कुछ देश अच्छा नहीं कर रहे हैं। क्रिस्टालिना जॉर्जीवा का ये बयान ऐसे समय में आया है जब आईएमएफ ने हाल ही में भारतीय अर्थव्यवस्था में बढ़त के अनुमान को काफी घटा दिया है।

ये भी पढ़ें- अखिलेश ने BJP पर साधा निशाना, योगी सरकार की गंगा यात्रा पर उठाये सवाल

 

आईएमएफ ने कहा है कि वित्त वर्ष 2019-20 में भारत के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में बढ़त दर महज 4.8 फीसदी रहेगी।

ट्रेड वॉर सुलझने का फायदा

इसके साथ ही जॉर्जीवा ने ये भी कहा कि अक्टूबर 2019 में जब आईएमएफ ने ग्‍लोबल इकोनॉमी आउटलुक की घोषणा की थी, उस समय के मुकाबले जनवरी 2020 में दुनिया अच्छी स्थिति में दिख रही है। जॉर्जीवा के मुताबिक अमेरिका और चीन के बीच ट्रेड वॉर सुलझने की वजह से माहौल सकारात्मक बन गया है।