Top

शर्मनाक: बहन के शव को साइकिल से ले जाने पर मजबूर हुए भाई, ये है दर्दभरी कहानी

Shreya

ShreyaBy Shreya

Published on 13 Oct 2019 10:44 AM GMT

शर्मनाक: बहन के शव को साइकिल से ले जाने पर मजबूर हुए भाई, ये है दर्दभरी कहानी
X
शर्मनाक: बहन के शव को साइकिल से ले जाने पर मजबूर हुए भाई, ये है दर्दभरी कहानी
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print

ओडिशा: ओडिशा में एक बार फिर से मानवता को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। दरअसल, ओडिशा के चंदाहांडी ब्लॉक के मोती गांव में दो भाईयों को अपनी बहन का अंतिम संस्कार करने के लिए साइकिल पर उसका पार्थिव शरीर बांध कर ले जाना पड़ा। क्योंकि गांव वालों ने अंतिम यात्रा का बहिष्कार कर दिया था। इससे पहले ओडिशा के ही दानामांझी को अपनी के पार्थिव शरीर को कंधे पर ले जाना पड़ा था, इसके बाद वो काफी चर्चा में रहे थे।

यह भी पढ़ें: भिखारी है पाकिस्तान: कल इस बैठक में हो जाएगा साबित

जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को इस आदिवासी जिले में 42 साल की नुआखाई पांडे की बीमारी के कारण मौत हो गई। खबर है कि मृतक महिला पति ने पहले ही उनको घर से निकाल दिया था। मृतक महिला अपने दो भाईयों टेकराम और पुरुषोत्तम पांडे के साथ मोती गांव में रहती थीं।

जब भाईयों ने बहन की मौत के बाद पार्थिव शरीर को घर से बाहर निकाला तो गांववालों ने अंतिम संस्कार में शामिल होने से मना कर दिया। यहां तक की नुआखाई के रिश्तेदारों ने भी उसके अंतिम संस्कार में शामिल होने से मना कर दिया। भाइयों ने सुबह तक किसी के आने का इंतजार किया, लेकिन शनिवार सुबह भी को उनके घर नहीं आया। तब भाइयों ने अकेले ही बहन का अंतिम संस्कार करने का फैसला किया और शव को साइकिल से बांधकर उसे शमशान ले गए। अंतिम संस्कार के वक्त केवल भाई वहां पर मौजूद रहें।

यह भी पढ़ें: रोडवेज बस से टकराई मारुती वैन, 3 की मौत 7 घायल

Shreya

Shreya

Next Story