जानिए क्या है गुपकार समूह, जिस पर आज मचा है घमासान, BJP ने बताया मुखौटा

जम्मू कश्मीर में आर्टिकल 370 लागू होने के बाद से पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला उनके बेटे उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ़्ती समेत कई अन्य कश्मीरी नेताओं को नजरबंद कर दिया गया था। बाद में एक-एक करके इन तमाम नेताओं की रिहाई कर दी गई।

ये तीनों ही नेता इस वक्त रिहा हो चुके हैं। रिहा होते ही इन्हें अपने अस्तित्व पर खतरा मंडराते हुए नजर आने लगा। इसलिए आनन-फानन में एक बार फिर से फारूक अब्दुल्ला की अगुवाई में उनके  गुपकार रोड स्थित आवास पर तमाम बड़े कश्मीरी नेताओं की बैठक बुलाई गई और अनुच्छेद 370 की बहाली की मांग की गई।

Ram Madhav

बीजेपी नेता राम माधव, जम्मू कश्मीर के पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला, उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ़्ती की फोटो(सोशल मीडिया)

नई दिल्ली: पूर्व सीएम फारुक अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती दोनों के रिहा होते हुए एक बार फिर से जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक हलचल बढ़ गई है। पिछले दिनों पीडीपी, नेशनल कॉन्फ्रेंस समेत जम्मू कश्मीर के अन्य दलों के नेताओं के बीच एक मीटिंग हुई थी।

ये बैठक फारूक अब्दुल्ला के गुपकार रोड स्थित आवास पर हुई थी। इस बैठक के जरिये जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 की बहाली की मांग की गई थी। साथ ही पीपुल्स अलायंस बनाने का ऐलान किया गया था। अब भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने गुपकार समूह को मुखौटा करार दिया है।

Farooq Abdullah
जम्मू कश्मीर के पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला की फोटो(सोशल मीडिया)

ये भी देखें:  इलाज का नया तरीका: अब कोरोना का ऐसे होगा ट्रीटमेंट, लिया गया बड़ा फैसला

राम माधव ने  ट्वीट कर बोला हमला

बीजेपी के वरिष्ठ नेता राम माधव ने शनिवार को ट्वीट करते हुए जम्मू कश्मीर के पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला के गुपकार रोड स्थित आवास पर आयोजित बैठक में शामिल होने वाले नेताओं और कांग्रेस नेता पी चिदंबरम पर निशाना साधते हुए लिखा है- ‘गुपकार 2 सिर्फ एक मुखौटा है। हर कश्मीरी जानता है कि विशेष दर्जा वापस नहीं होने जा रहा है, और गुप्कारियों की यह एक चाल भर है।  लेकिन मोदी सरकार के लिए अच्छा यह रहा कि 2019 ने 1953 को बदल दिया है। वेलकम टू रियलपोलिटिक।’

RSS-BJP leader Ram Madhav MAy Be Next Education Minister In India
राम माधव (Photo Social Media)

 

https://twitter.com/rammadhavbjp/status/1317306993103663104

आखिर क्या है गुपकार समूह

बताते चलें कि गुपकार समूह छह राजनीतिक दलों का वह समूह है जो जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 की बहाली के लिए लड़ाई लड़ रहा है।

इस समूह का गठन 22 अगस्त 2019 को फारूक अब्दुल्ला के गुपकार रोड स्थित आवास पर हुई बैठक में किया गया था। गुपकार समूह ने जम्मू-कश्मीर से आर्टिकल 370 को निरस्त किए जाने को असंवैधानिक करार देते हुए इसकी बहाली के लिए संघर्ष करने का ऐलान किया था।

गुपकार समूह में पूर्व सीएम महबूबा मुफ्ती और सज्जाद लोन के साथ ही जम्मू कश्मीर के उन सभी राजनीतिक दलों के नेता शामिल हैं जिन्होंने 4 अगस्त को साझा बयान जारी किया था।

ये भी देखें:  नेहा कक्कड़ के बाद अब आदित्य की शादी, डेट हुई फिक्स, यहां लेंगे 7 फेरे…

रिहा होते ही सताने लगाने अस्तित्व खोने का डर

गौरतलब है कि जम्मू कश्मीर में आर्टिकल 370 लागू होने के बाद से पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला उनके बेटे उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ़्ती समेत कई अन्य कश्मीरी नेताओं को नजरबंद कर दिया गया था। बाद में एक-एक करके इन तमाम नेताओं की रिहाई कर दी गई।

ये तीनों ही नेता इस वक्त रिहा हो चुके हैं। रिहा होते ही इन्हें अपने अस्तित्व पर खतरा मंडराते हुए नजर आने लगा। इसलिए आनन-फानन में एक बार फिर से फारूक अब्दुल्ला की अगुवाई में उनके  गुपकार रोड स्थित आवास पर तमाम बड़े कश्मीरी नेताओं की बैठक बुलाई गई और अनुच्छेद 370 की बहाली की मांग की गई। फारूक के साथ उनके बेटे उमर और पूर्व सीएम  महबूबा मुफ़्ती भी इस बैठक में शामिल हुई थी।

ये भी देखें:  मिथुन के बेटे पर FIR: पहले किया रेप, फिर कराया अबॉर्शन…

देश दुनिया की और खबरों को तेजी से जानने के लिए बनें रहें न्यूजट्रैक के साथ। हमें फेसबुक पर फॉलों करने के लिए @newstrack और ट्विटर पर फॉलो करने के लिए @newstrackmedia पर क्लिक करें।

न्यूजट्रैक के नए ऐप से खुद को रक्खें लेटेस्ट खबरों से अपडेटेड । हमारा ऐप एंड्राइड प्लेस्टोर से डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें – Newstrack App

न्यूजट्रैक के नए ऐप से खुद को रक्खें लेटेस्ट खबरों से अपडेटेड । हमारा ऐप एंड्राइड प्लेस्टोर से डाउनलोड करने के लिए क्लिक करें - Newstrack App