Top

जम्मू-कश्मीर: बड़े एक्शन में मोदी सरकार, उमर-महबूबा से होगी बातचीत

शनिवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी विपक्ष के 12 नेताओं के साथ श्रीनगर पहुंचे थे। हालांकि, प्रशासन ने उनको एयरपोर्ट से ही वापस लौटा दिया गया। राहुल के साथ सीपीआई, डीएमके, एनसीपी, जेडीएस, आरजेडी और तृणमूल के नेता श्रीनगर पहुंचे थे।

Manali Rastogi

Manali RastogiBy Manali Rastogi

Published on 25 Aug 2019 3:00 AM GMT

जम्मू-कश्मीर: बड़े एक्शन में मोदी सरकार, उमर-महबूबा से होगी बातचीत
X
जम्मू-कश्मीर: बड़े एक्शन में मोदी सरकार, उमर-महबूबा से होगी बातचीत
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print

नई दिल्ली: जम्मू-कश्मीर में आर्टिकल 370 कमजोर हो गया है। इसके बाद केंद्र की मोदी सरकार अब राज्य में स्थिति सामान्य करने में लगी हुई है। ऐसे में सरकार ने फैसला लिया है कि वह इस मामले में राज्य के बड़े नेताओं से संपर्क साधने की कोशिश में लग गयी है। दरअसल, राहुल गांधी भी अन्य विपक्षी नेताओं के साथ शनिवार को श्रीनगर जाने की कोशिश कर रहे थे लेकिन उन्हे प्रशासन ने एयरपोर्ट पर ही रोक दिया।

यह भी पढ़ें: अरुण जेटली का अंतिम संस्कार आज, काफी भावुक हैं पीएम मोदी

इसलिए केंद्र सरकार नहीं चाहती कि राज्य में कोई और अड़चन पैदा हो। इसके लिए केंद्र सरकार अब वहां नजरबंद उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ्ती जैसे स्थानीय नेताओं से संपर्क साधने की कोशिश शुरू कर रही है। जानकारी के अनुसार, सरकार वहां के हालात के बारे में बताने को लेकर एक सर्वदलीय मीटिंग भी कर सकती है। कयास लगाए जा रहे हैं कि पीएम मोदी विदेश से लौटते ही इस कार्य में जुट जाएंगे।

5 अगस्त को हटाया गया आर्टिकल 370

बता दें, जम्मू-कश्मीर से 5 अगस्त को विशेष दर्जा देने वाले आर्टिकल 370 को हटा लिया गया था। इसका सभी विपक्षी दलों ने जमकर विरोध किया। अभी भी कई नेता इसका विरोध कर रहे हैं। वहीं, राज्य में स्थिति सामान्य हो जाये, इसके लिए स्कूलों-दफ्तरों को खोलने के अलावा लैंडलाइन फोन भी चालू कर दिये गए हैं। हालांकि, अभी मोबाइल फोन बंद हैं और दुकानें कम ही खुल रही हैं।

यह भी पढ़ें: बहरीन में पीएम मोदी बोले- मैं गहरा दर्द दबाए बैठा हूं, मेरा दोस्त अरुण चला गया

बताया जा रहा है कि श्रीनगर में नजरबंद बड़े नेताओं से अधिकारियों ने संपर्क साधना शुरु कर दिया है। उमर अब्दुल्ला और महबूबा मुफ्ती से मुलाकात कर उन्हें परिस्थितियों की जानकारी दी गई है। सूत्रों का कहना है कि इन नेताओं की रिहाई की प्रक्रिया भी तेज हो गई है। सरकार दूसरे विपक्षी नेताओं को भी विश्वास में लेगी।

पाकिस्तान काफी बौखलाया हुआ है

मालूम हो, घाटी से आर्टिकल 370 हटने के बाद से पाकिस्तान काफी बौखलाया हुआ है। वह तमाम देशों से इस मामले में मदद की गुहार लगा रहा है लेकिन हर कोई भारत के पक्ष में है। सिर्फ चीन ने यूएन सुरक्षा परिषद में पाकिस्तान का साथ दिया था लेकिन वहां भी दोनों को मुंह की खानी पड़ी थी।

यह भी पढ़ें: जानिए क्यों सुब्रमण्यम ने करतारपुर कॉरिडोर को देश की सुरक्षा के लिए बताया खतरा?

वहीं, शनिवार को कांग्रेस नेता राहुल गांधी विपक्ष के 12 नेताओं के साथ श्रीनगर पहुंचे थे। हालांकि, प्रशासन ने उनको एयरपोर्ट से ही वापस लौटा दिया गया। राहुल के साथ सीपीआई, डीएमके, एनसीपी, जेडीएस, आरजेडी और तृणमूल के नेता श्रीनगर पहुंचे थे। सब कश्मीर का हाल लेने के लिए यहां आए थे।

Manali Rastogi

Manali Rastogi

Next Story