कोरोना असर : आखिर मान गई आईओसी, ओलंपिक पर लिया ये फैसला

कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते दुनियाभर के टूर्नामेंट रद हो गए हैं। ऐसे में हर तरफ ओलंपिक खेलों के आयोजन की निंदा हो रही थी। ये 24 जुलाई से शुरू होने वाले थे और आईओसी की ओर से अभी तक कोई बयान नहीं आया था…

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति के एक सदस्य डिक पाउंड ने कहा है कि इस साल ओलंपिक नहीं होंगे। कोरोना प्रभाव के चलते ओलंपिक 2020 को अगले साल तक के लिए टाल दिया जाएगा। उन्होंने यूएसए टुडे को दिए इंटरव्यू में बताया कि जहां तक मेरी जानकारी है, आईओसी ने इसे टालने का फैसला किया है। कोरोनो वायरस के प्रभाव के चलते इस निर्णय को लिया गया है क्योंकि इस समय खिलाड़ी इसके लिए तैयारी भी नहीं कर पाएंगे।

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पहले ही मना कर चुके हैं ये देश

ब्रिटिश ओलंपिक एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि ग्रेट ब्रिटेन को इस गर्मी में तोक्यो में एक टीम भेजने की संभावना नहीं होगी। ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, ब्राजील और स्लोवेनिया पहले ही बता चुके हैं कि वे जापान में प्रतिस्पर्धा नहीं करेंगे। पाउंड कहना है कि इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (आईओसी) की जानकारी के आधार पर स्थगन का फैसला किया गया है। बता दें कि खेलों की मेजबानी तोक्यो में होने वाली थी।

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मेजबान देश भी टलवाने की कोशिश में था

कनाडा ने इसके लिए पहले ही कह दिया था कि ओलंपिक पर फैसला तुरंत आना चाहिए। ऐसे समय में खिलाड़ियों को अभ्यास करना भी सुरक्षित नहीं है। इसके बाद जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने भी आईओसी से इस पर तुरंत फैसला लेने को कहा था।

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सारे टूर्नामेंट रद हुए तो ओलंपिक क्यों नहीं

इससे पहले आईओसी लगातार कह रही थी कि खेल 24 जुलाई से शुरू होने वाले हैं। कोविड 19 के चलते दुनिया भर में टूर्नामेंट रद हो गए हैं। इस तरह से हर तरफ से कोसे जाने के बाद आईओसी ने अंतत: माना था कि ओलंपिक स्थगित करने की संभावना पर विचार हो सकता है।

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