Bipin Rawat

भारतीय सेना ने पूर्वी लद्दाख में करीब 50000 सैनिकों की तैनात कर रखा है। अधिकारियों के मुताबिक, चीन ने भी इतने ही सैनिकों की तैनाती की हुई है। दोनों देशों के बीच सौन्य और राजनयिक स्तर पर कई दौर की बातचीत हुई है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है।

आज आठवें दौर की ये बैठक बेहद अहम मानी जा रही है। इससे पहले की सात बैठकों में सीमा पर चल रहे तनाव को कम करने को लेकर कोई ठोस नतीजे पर नहीं पहुंचा जा सका था। कुल मिलाकर पूर्व की सभी बैठकें बेनतीजा साबित हुई थी।

लद्दाख में तैनात सैनिक ध्रुवीय सर्दियों के कपड़ों और मास्क के अंतिम शिपमेंट की प्रतीक्षा कर रहे हैं, जो कि नवंबर के पहले सप्ताह तक अमेरिकी सेना से आने की संभावना है। पीएलए की तरह ही, भारतीय सेना एलएसी पर लंबे समय तक लड़ने के लिए तैयार खड़ी है। भारतीय की सेना एक इंच जमीन को भी छोड़ने के पक्ष में नहीं है।

बिपिन रावत ने कहा था कि अगर चीन के साथ कूटनीतिक और सैन्य वार्ता को लेकर कोई नतीजा नहीं निकलता है तो सैन्य विकल्प भी मौजूद है। जबकि भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने एक इंटरव्यू में कहा है कि चीन के साथ सीमा विवाद का हल कूटनीतिक माध्यमों से ही सुलझाया जाना चाहिए।

भारत सरकार ने पूरी तरह से लॉकडाउन किया है। इसके बावजूद देश में लगातार बढ़ती कोरोना वायरस के केस की संख्या चिंता बढ़ा रही है। इस बीच आज एक बार फिर स्वास्थ्य के मुद्दे पर ग्रुप ऑफ मिनिस्टर्स की बैठक होगी। इस बैठक की अगुवाई केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन करेंगे।

जनरल बिपिन रावत पर पाक ने पलटवार किया है। पाक ने भारत की राजकीय संस्थानों पर उंगली उठाते हुए कहा कि भारत की सोच दिवालिया है।

जनरल बिपिन रावत ने देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ का पदभार ग्रहण कर लिया है। इससे पहले सेना ने आज रक्षा मंत्रालय (साउथ ब्लॉक) में उनको गार्ड ऑफ आनर दिया। उन्होंने राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पहुंचकर शहीदों को श्रद्धांजलि दी।